बुलंदशहर के थाना प्रभारी की हत्या के अभियुक्त जब ज़मानत पर छूटे तो उन्हें फूल-मालाओं से लाद दिया गया, उनका स्वागत हीरो की तरह हुआ। आखिर इतना ज़हर हमारे समाज में कहाँ से आया, किसने फैलाया?
बुलंदशहर के थाना प्रभारी की हत्या के अभियुक्त जब ज़मानत पर छूटे तो उन्हें फूल-मालाओं से लाद दिया गया, उनका स्वागत हीरो की तरह हुआ। आखिर इतना ज़हर हमारे समाज में कहाँ से आया, किसने फैलाया?