loader

कांग्रेस : मोदी ने विपक्ष की माँग मानी, इसके पहले लोगों को भारी कीमत चुकानी पड़ी

अठारह साल से ऊपर की उम्र के सभी लोगों के लिए राज्यों को मुफ़्त कोरोना टीका देने पर कांग्रेस पार्टी ने उनकी खिंचाई की है।

पार्टी के सांसद जयराम रमेश ने कहा कि कोरोना टीका देने की विपक्ष की माँग को स्वीकार करने से पहले प्रधानमंत्री ने लोगों को काफी नुक़सान पहुँचा दिया है। 

रमेश ने कहा,

18 से 44 साल की उम्र के लोगों को मुफ़्त कोरोना टीका देने की विपक्ष की माँग को मानने के पहले प्रधानमंत्री ने देश के लोगों पर भारी कीमत थोप दी। विनम्रता दिखाने और लोगों की बात सुनने से उनका कुछ नहीं बिगड़ जाता।


जयराम रमेश, नेता, कांग्रेस

बता दें कि सोमवार को प्रधानमंत्री ने राष्ट्र के नाम संबोधन में कहा कि  केंद्र सरकार कोरोना टीका उत्पादन का 75 प्रतिशत हिस्सा खरीद लेगी और 25 प्रतिशत हिस्सा निजी क्षेत्र के लिए छोड़ दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि  18 साल से ऊपर के सभी लोगों के लिए केंद्र सरकार राज्यों को मुफ़्त टीका देगी। देखें, जयराम रमेश ने क्या ट्वीट किया-

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सवाल उठाया है कि जब वैक्सीन सबके लिए मु़फ़्त है तो निजी अस्पताल इसके लिए पैसे क्यों ले रहे हैं?

क्या कहना है दिल्ली सरकार का?

दिल्ली के उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र की वैक्सीन मूल्य नीति को  'तर्कहीन' और 'मनमाना' क़रार दिया है। 

 उन्‍होंने ट्वीट कर कहा "हम माननीय सर्वोच्च न्यायालय को धन्यवाद देना चाहेंगे। अदालत के हस्तक्षेप के कारण, सभी पात्र आयु समूहों को अब मुफ्त में टीके मिलेंगे। केंद्र चाहता तो यह पहले किया जा सकता था। केंद्र की नीति के कारण, न तो राज्य थे टीके खरीदने में सक्षम और न ही केंद्र टीके दे रहा था।

सिंधिया ने किया बचाव

कांग्रेस से बीजेपी में गए ज्योतिरादित्य सिंधिया ने केंद्र सरकार की वैक्सीन नीति का बचाव किया। उन्होंने कहा, 'शायद, जो लोग राज्यों से टीकाकरण का पूरा प्रभार लेने की माँग कर रहे थे, उन्हें भी पिछले महीने लोगों को हुए नुकसान के बारे में आत्मनिरीक्षण करना चाहिए।'

सत्य हिन्दी ऐप डाउनलोड करें

गोदी मीडिया और विशाल कारपोरेट मीडिया के मुक़ाबले स्वतंत्र पत्रकारिता का साथ दीजिए और उसकी ताक़त बनिए। 'सत्य हिन्दी' की सदस्यता योजना में आपका आर्थिक योगदान ऐसे नाज़ुक समय में स्वतंत्र पत्रकारिता को बहुत मज़बूती देगा। याद रखिए, लोकतंत्र तभी बचेगा, जब सच बचेगा।

नीचे दी गयी विभिन्न सदस्यता योजनाओं में से अपना चुनाव कीजिए। सभी प्रकार की सदस्यता की अवधि एक वर्ष है। सदस्यता का चुनाव करने से पहले कृपया नीचे दिये गये सदस्यता योजना के विवरण और Membership Rules & NormsCancellation & Refund Policy को ध्यान से पढ़ें। आपका भुगतान प्राप्त होने की GST Invoice और सदस्यता-पत्र हम आपको ईमेल से ही भेजेंगे। कृपया अपना नाम व ईमेल सही तरीक़े से लिखें।
सत्य अनुयायी के रूप में आप पाएंगे:
  1. सदस्यता-पत्र
  2. विशेष न्यूज़लेटर: 'सत्य हिन्दी' की चुनिंदा विशेष कवरेज की जानकारी आपको पहले से मिल जायगी। आपकी ईमेल पर समय-समय पर आपको हमारा विशेष न्यूज़लेटर भेजा जायगा, जिसमें 'सत्य हिन्दी' की विशेष कवरेज की जानकारी आपको दी जायेगी, ताकि हमारी कोई ख़ास पेशकश आपसे छूट न जाय।
  3. 'सत्य हिन्दी' के 3 webinars में भाग लेने का मुफ़्त निमंत्रण। सदस्यता तिथि से 90 दिनों के भीतर आप अपनी पसन्द के किसी 3 webinar में भाग लेने के लिए प्राथमिकता से अपना स्थान आरक्षित करा सकेंगे। 'सत्य हिन्दी' सदस्यों को आवंटन के बाद रिक्त बच गये स्थानों के लिए सामान्य पंजीकरण खोला जायगा। *कृपया ध्यान रखें कि वेबिनार के स्थान सीमित हैं और पंजीकरण के बाद यदि किसी कारण से आप वेबिनार में भाग नहीं ले पाये, तो हम उसके एवज़ में आपको अतिरिक्त अवसर नहीं दे पायेंगे।
सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें

अपनी राय बतायें

देश से और खबरें

ताज़ा ख़बरें

सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें