loader

बीजेपी से जुड़े नवीन जिंदल; पाँचवीं सूची में पूर्व जज, कंगना रनौत

बीजेपी की पाँचवीं सूची में कांग्रेस के पूर्व सांसद नवीन जिंदल का भी नाम है। वह कुछ देर पहले ही कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए हैं। यानी इस बार वह चुनाव बीजेपी के टिकट पर लड़ेंगे। नयी सूची में कई नये चेहरे हैं जो काफी लंबे समय से सुर्खियों में रहे हैं और वे बीजेपी के प्रति मुखर रहे हैं। इनमें कलकत्ता हाई कोर्ट के पूर्व जज अभीजित गंगोपाध्याय और अभिनेत्री कंगना रनौत भी शामिल हैं।

नयी सूची में कौन-कौन से नाम हैं, उसकी जानकारी बाद में, पहले यह जान लें कि नवीन जिंदल का घटनाक्रम कैसे घटा। कांग्रेस पार्टी छोड़ने के अपने फैसले की घोषणा के तुरंत बाद कुरुक्षेत्र के पूर्व सांसद नवीन जिंदल रविवार को भाजपा में शामिल हो गए। उनको कुरूक्षेत्र लोकसभा सीट से उतारा गया है। बीजेपी में शामिल होते हुए उन्होंने कहा, "मैं पीएम मोदी के 'विकसित भारत' के सपने में योगदान देना चाहता हूं..."। इससे पहले अपने इस्तीफे की घोषणा करते हुए एक्स पर एक बयान में उन्होंने लिखा था, 'मैंने 10 वर्षों तक कुरुक्षेत्र से सांसद के रूप में संसद में कांग्रेस पार्टी का प्रतिनिधित्व किया था। मैं कांग्रेस नेतृत्व और तत्कालीन प्रधान मंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को धन्यवाद देता हूं। आज मैं कांग्रेस पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे रहा हूं।'

जिंदल ने गुरुवार को इंडियन स्टील एसोसिएशन यानी आईएसए के अध्यक्ष का पद भी संभाल लिया। इस बीच बीजेपी ने लोकसभा चुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों की पांचवीं सूची जारी कर दी है। इसमें 111 उम्मीदवारों के नाम हैं। इसमें कई नये चेहरे शामिल हैं। नए चेहरों में अभिनेत्री कंगना रनौत भी शामिल हैं, जिन्हें हिमाचल प्रदेश की मंडी सीट से मैदान में उतारा गया है।

वरुण गांधी को टिकट नहीं, मेनका को सुल्तानपुर सीट

इनके अलावा, रामायण में राम का किरदार करने वाले अरुण गोविल को भी बीजेपी ने टिकट दिया है। उनको मेरठ से मैदान में उतारा गया है। पल्लवी डेम्पो दक्षिण गोवा से चुनाव लड़ेंगी। बीजेपी की बिहार सूची में कम बदलाव किया गया है। राजीव प्रताप रूडी, गिरिराज सिंह और रविशंकर प्रसाद समेत पुराने दिग्गज बरकरार हैं। जितिन प्रसाद पीलीभीत से चुनाव लड़ेंगे। वरुण गांधी को टिकट नहीं मिला, जबकि उनकी माँ मेनका गांधी सुल्तानपुर से लड़ेंगी।

ताज़ा ख़बरें

वरिष्ठ नेता के सुरेंद्रन केरल के वायनाड से कांग्रेस के राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ेंगे। स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेने के बाद हाल ही में भाजपा में शामिल हुए कलकत्ता उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश अभिजीत गंगोपाध्याय बंगाल के तमलुक से चुनाव लड़ेंगे। चुनावी राजनीति में शामिल होने वाले पहले उन्होंने स्वेच्छा से सेवानिवृत्ति ले ली थी।

कलकत्ता हाईकोर्ट से इस्तीफा देने के बाद हाल ही में अभिजीत गंगोपाध्याय बीजेपी में शामिल हो गए थे। बीजेपी में शामिल होने से पहले जस्टिस गंगोपाध्याय ने कहा था, 'मैंने भी बीजेपी से संपर्क किया और बीजेपी ने भी मुझसे संपर्क किया।' उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को अच्छा इंसान बताया और उनकी तारीफ़ की।
दो वर्षों से अधिक समय से अपने न्यायिक आदेशों और मीडिया साक्षात्कारों में जस्टिस गंगोपाध्याय ने सत्तारूढ़ टीएमसी और उसके नेताओं पर हमला किया है।

अभिजीत गंगोपाध्याय पिछले साल अप्रैल में एक साक्षात्कार के बाद सुर्खियों में आए थे। तब उन्होंने रिश्वतखोरी के एक मामले पर चर्चा की थी। उस दौरान वह उस मामले पर सुनवाई कर रहे थे।

उन्होंने 2022 में केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी सीबीआई को पश्चिम बंगाल के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों की भर्ती में कथित अनियमितताओं की जांच करने का निर्देश दिया था। टीएमसी नेता उनके फ़ैसले पर सवाल उठाते रहे हैं। 

जब उन्होंने जज से इस्तीफ़े की घोषणा की थी तो इस पर टीएमसी के प्रवक्ता देबांगशु भट्टाचार्य ने कहा था, 'हम लंबे समय से कह रहे हैं कि वह एक राजनीतिक पार्टी के कार्यकर्ता हैं। हमें सही साबित करने के लिए हम आज उन्हें धन्यवाद देते हैं।'

देश से और ख़बरें

गाजियाबाद से बीजेपी सांसद और केंद्रीय मंत्री जनरल (सेवानिवृत्त) वीके सिंह का कहना है, 'मैं 2024 का लोकसभा चुनाव नहीं लड़ूंगा।'

बीएसपी के 25 उम्मीदवारों की सूची जारी

मायावती के नेतृत्व वाली बहुजन समाज पार्टी ने रविवार को दो अलग-अलग सूचियों में आगामी लोकसभा चुनावों के लिए उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभा सीटों में से 25 के लिए उम्मीदवारों की घोषणा की। इससे पहले जनता दल (यूनाइटेड) ने बिहार में चुनाव लड़ने वाली सभी 16 लोकसभा सीटों के लिए उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की। 

कांग्रेस ने सुनील शर्मा का नाम काटा

कांग्रेस ने आगामी लोकसभा चुनाव में जयपुर सीट से सुनील शर्मा को अपना उम्मीदवार बनाया था, लेकिन उनके चयन पर विवाद खड़ा हो गया। इस वजह से उनका नाम अब हटा दिया गया है। पार्टी अब इस सीट से प्रताप सिंह खाचरियावास को मैदान में उतारेगी।

सत्य हिन्दी ऐप डाउनलोड करें

गोदी मीडिया और विशाल कारपोरेट मीडिया के मुक़ाबले स्वतंत्र पत्रकारिता का साथ दीजिए और उसकी ताक़त बनिए। 'सत्य हिन्दी' की सदस्यता योजना में आपका आर्थिक योगदान ऐसे नाज़ुक समय में स्वतंत्र पत्रकारिता को बहुत मज़बूती देगा। याद रखिए, लोकतंत्र तभी बचेगा, जब सच बचेगा।

नीचे दी गयी विभिन्न सदस्यता योजनाओं में से अपना चुनाव कीजिए। सभी प्रकार की सदस्यता की अवधि एक वर्ष है। सदस्यता का चुनाव करने से पहले कृपया नीचे दिये गये सदस्यता योजना के विवरण और Membership Rules & NormsCancellation & Refund Policy को ध्यान से पढ़ें। आपका भुगतान प्राप्त होने की GST Invoice और सदस्यता-पत्र हम आपको ईमेल से ही भेजेंगे। कृपया अपना नाम व ईमेल सही तरीक़े से लिखें।
सत्य अनुयायी के रूप में आप पाएंगे:
  1. सदस्यता-पत्र
  2. विशेष न्यूज़लेटर: 'सत्य हिन्दी' की चुनिंदा विशेष कवरेज की जानकारी आपको पहले से मिल जायगी। आपकी ईमेल पर समय-समय पर आपको हमारा विशेष न्यूज़लेटर भेजा जायगा, जिसमें 'सत्य हिन्दी' की विशेष कवरेज की जानकारी आपको दी जायेगी, ताकि हमारी कोई ख़ास पेशकश आपसे छूट न जाय।
  3. 'सत्य हिन्दी' के 3 webinars में भाग लेने का मुफ़्त निमंत्रण। सदस्यता तिथि से 90 दिनों के भीतर आप अपनी पसन्द के किसी 3 webinar में भाग लेने के लिए प्राथमिकता से अपना स्थान आरक्षित करा सकेंगे। 'सत्य हिन्दी' सदस्यों को आवंटन के बाद रिक्त बच गये स्थानों के लिए सामान्य पंजीकरण खोला जायगा। *कृपया ध्यान रखें कि वेबिनार के स्थान सीमित हैं और पंजीकरण के बाद यदि किसी कारण से आप वेबिनार में भाग नहीं ले पाये, तो हम उसके एवज़ में आपको अतिरिक्त अवसर नहीं दे पायेंगे।
क़मर वहीद नक़वी
सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें

अपनी राय बतायें

देश से और खबरें

ताज़ा ख़बरें

सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें