नागपुर में मंगलवार को शस्त्र पूजन करते संघ प्रमुख मोहन भागवत।
आरएसएस के वार्षिक विजय दशमी कार्यक्रम में भागवत ने कहा कि ये "विनाशकारी ताकतें" खुद को "जागृत" कहती हैं और कुछ "ऊंचे लक्ष्यों" के लिए काम करने का दावा करती हैं। लेकिन उनका असली लक्ष्य दुनिया में संयम को बाधित करना है।"