कांग्रेस हाईकमान ने बड़ी मुश्किलों के बाद संकट सुलझाया था और अशोक गहलोत को राजी कर पायलट के समर्थकों को राजस्थान कैबिनेट में जगह दिलाई थी।
राजस्थान में 2018 के विधानसभा चुनाव के वक्त सचिन पायलट ही प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष थे और उनके नेतृत्व में पार्टी ने अपने 2013 के प्रदर्शन में जबरदस्त सुधार किया था।