उत्तर प्रदेश के विभिन्न परीक्षा केंद्रों (लखनऊ, गोरखपुर, प्रयागराज, कानपुर आदि) पर एसएससी जीडी कांस्टेबल 2026 परीक्षा के कई जगह रद्द कर दी गई। स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) ने मुख्य रूप से तकनीकी खराबी (सर्वर/कंप्यूटर क्रैश), प्रशासनिक बदइंतजामी (ओवरक्राउडिंग, क्षमता से अधिक उम्मीदवार) और बिजली/सिस्टम संबंधी समस्याओं को कारण बताया। हालांकि कई सेंटरों पर पेपर लीक होने की सूचना है। ग्रेटर नोएडा में एसएससी पेपर लीक करने वाले गैंग के लोग पकड़े गए हैं। रांची में भी एसएससी पेपर लीक करने वालों को गिरफ्तार किया गया है। नीट पेपर लीक, सीबीएसई परीक्षा और नतीजों में गड़बड़ियों पर सरकार को कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ रहा है।
लखनऊ के सिटी मॉडर्न एकेडमी, कृष्णा नगर में भारी हंगामा होने की खबरें हैं। इसी तरह प्रयागराज के आई-टेक जोन में बदइंतजामी की वजह से काफी तोड़फोड़ हुई। कानपुर के श्रीमती रामकली इकबाल बहादुर ऑनलाइन सेंटर पर सीट से ज्यादा युवक परीक्षा देने पहुंच गए।
गोरखपुर में इसी तरह का हंगामा देखने को मिला। बिहार के मुजफ्फरपुर समेत कई जिलों में इसी तरह के प्रदर्शन हुए।
परीक्षा रद्द होने के बाद छात्रों में भारी गुस्सा फूट पड़ा। कई उम्मीदवारों ने सैकड़ों किलोमीटर यात्रा कर, 45-46°C की गर्मी में पहुंचकर परीक्षा देने की तैयारी की थी, लेकिन अचानक कैंसलेशन हो गया। छात्रों ने केंद्रों के बाहर प्रदर्शन किए, स्लोगन लगाए, कुछ जगहों पर तोड़फोड़ की खबरें भी आईं। छात्रों ने आरोप लगाए कि तकनीकी गड़बड़ी के अलावा पेपर लीक किया गया है। 

SSC ने प्रभावित उम्मीदवारों के लिए पुनर्निर्धारित परीक्षा का वादा किया है और क्षेत्रीय वेबसाइट पर नोटिस जारी करने की बात कही है, लेकिन नई तारीखों की आधिकारिक घोषणा अभी तक सार्वजनिक रूप से स्पष्ट नहीं हुई है।

पेपर लीक/धांधली मामले में गिरफ्तारियां

इस बीच, यूपी एसटीएफ ने ग्रेटर नोएडा (नॉलेज पार्क, बालाजी डिजिटल जोन) में छापा मारकर एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया। 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिसमें मुख्य मास्टरमाइंड शामिल। आरोप है कि प्रॉक्सी सर्वर, स्क्रीन शेयरिंग ऐप्स और डमी कैंडिडेट्स के जरिए SSC परीक्षाओं (कॉन्स्टेबल GD, CAPF, असम राइफल्स आदि) में धांधली कर रहे थे। उम्मीदवारों से ₹4 लाख तक वसूले जाते थे।
यूपी एसटीएफ ने आरोपियों से लगभग ₹50 लाख नकद, लैपटॉप, मोबाइल और दस्तावेज बरामद किए हैं।
रांची और अन्य जगहों पर भी संबंधित गिरफ्तारियों की खबरें आई हैं। SSC ने पूरे परीक्षा को रद्द करने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है, लेकिन धांधली के आरोपों ने विवाद बढ़ा दिया है।
सोशल मीडिया पर एसएससी जीडी परीक्षा में अव्यवस्था, तोड़फोड़ के वीडियो वायरल हैं। सरकार और उसकी एजेंसियां NEET, CBSE और अब SSC GD जैसी बड़ी परीक्षाओं को सुचारू रूप से नहीं करा पा रही हैं। बार-बार पेपर लीक की आशंकाएं, तकनीकी गड़बड़ियां और बदइंतजामी छात्रों के भविष्य को प्रभावित कर रही हैं। विपक्षी दलों ने भी व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।