श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट दावा कर रहा है कि अयोध्या में समतलीकरण के लिए की जा रही खुदाई में ऐसी चीज़ें मिली हैं जो प्रमाणित करती हैं कि वहाँ पहले कोई मंदिर था। इन दावों पर प्रश्नचिन्ह भी लगाए जा रहे हैं और प्रति दावे भी किए जा रहे हैं। मसलन एक दावा ये है कि वहाँ हिंदू नहीं बौद्ध स्थल था। मुस्लिम पक्ष कह रहा है कि ये सिवाय प्रोपेगंडा के कुछ नहीं है। आख़िर सचाई क्या है? वरिष्ठ पत्रकार मुकेश कुमार की रिपोर्ट।
लेखक सत्यहिंदी के संपादक हैं। वह लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी लिबरल एंड क्रिएटिव आर्ट्स के पूर्व डीन हैं। पत्रकार, टीवी एंकर, लेखक, कवि और अनुवादक के तौर पर रचनात्मक लेखन कार्य करते रहे हैं।


























