उत्तरप्रदेश सरकार कब तक बेशर्मी से बुल्डोज़र चलाती रहेगी? कब तक लोकतंत्र और न्याय पर बुल्डोज़र चलता रहेगा और कोई हस्तक्षेप नहीं करेगा? क्या पीड़ितों की फ़रियाद सुनने वाला कोई नहीं है? अगर सरकारें नहीं सुन रहीं तो क्या न्यायपालिका ने भी अपने कान बंद कर लिए हैं? आख़िर कब जागेंगे मी लॉर्ड, कब रुकेगें बुल्डोज़र?
लेखक सत्यहिंदी के संपादक हैं। वह लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी लिबरल एंड क्रिएटिव आर्ट्स के पूर्व डीन हैं। पत्रकार, टीवी एंकर, लेखक, कवि और अनुवादक के तौर पर रचनात्मक लेखन कार्य करते रहे हैं।


























