मोदी सरकार द्वारा कभी कांग्रेस की “नाकामी” बताए गए मनरेगा का नाम बदलकर उसे अपनी उपलब्धि बताने पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। क्या 11 साल के शासन में सरकार के पास कोई मौलिक योजना नहीं बची? ‘सत्य हिंदी’ के शो बेबाक मुकेश में वरिष्ठ पत्रकार मुकेश कुमार का बेबाक विश्लेषण- क्या विकास सिर्फ़ नाम बदलने और स्टिकर चिपकाने की राजनीति बनकर रह गया है?
ट्रेंडिंग
ख़बर
अगली खबर लोड हो रही है...
























