क्या सचिन पायलट नई पार्टी बनाने जा रहे हैं? क्या वे ऐसा बीजेपी के इशारे पर कर रहे हैं? अगर वे नई पार्टी बनाते हैं तो उन्हें कितना समर्थन मिल सकता है? पायलट की इस चाल से निपटने के लिए गहलोत और उनके सिपहसालारों की रणनीति क्या होगी? इस लड़ाई का काँग्रेस को क्या नुक़सान होगा? नई पार्टी बनाकर पायलट को क्या मिलेगा? डॉ. मुकेश कुमार के साथ चर्चा में शामिल हैं- विजय त्रिवेदी, विजय विद्रोही, अनिल शुक्ला, ओम सैनी और प्रिया सहगल-
लेखक सत्यहिंदी के संपादक हैं। वह लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी लिबरल एंड क्रिएटिव आर्ट्स के पूर्व डीन हैं। पत्रकार, टीवी एंकर, लेखक, कवि और अनुवादक के तौर पर रचनात्मक लेखन कार्य करते रहे हैं।


























