जब किसी मरीज को सांस लेने में दिक्कत होती है तो उसे एम्बू-बैग के जरिये बनावटी सांस दी जाती है और इस मशीन से ऑक्सीजन का सोर्स जोड़ा जा सकता है। लेकिन इसे वेंटिलेटर क़तई नहीं कहा जा सकता।
जडेजा ने कहा कि हमने सरकार से वादा किया है कि हमने जो भी वेंटिलेटर दिए हैं, उन्हें अपग्रेड करेंगे। उन्होंने कहा कि वह अपनी कोशिशों के बारे में इस तरह की नेगेटिव ख़बरें सुनकर निराश हैं और ऐसा लगता है कि ऐसा किसी ने धूर्ततावश किया है।