कॉकरोच जनता पार्टी प्रमुख अभिजीत दिपके अपने गृहक्षेत्र संभाजी नगर (महाराष्ट्र) पहुंच चुके हैं। वहां उन्होंने हिन्दू-मुस्लिम एजेंडे पर काफी कुछ कहा और 5 खास बातें बताईं। Cockroach Janta Party chief Abhijeet Dipke lists 5 key takeaways after the Jantar Mantar protest including Hindu-Muslim Agenda.
कॉकरोच जनता पार्टी प्रमुख अभिजीत दिपके
दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शन के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक और प्रमुख अभिजीत दिपके अपने गृहनगर छत्रपति संभाजीनगर पहुंच चुके हैं। वहां उन्होंने पत्रकारों से बात करते हुए आरोप लगाया कि पिछले 10-12 वर्षों से देश की राजनीति पूरी तरह से 'हिंदू-मुस्लिम एजेंडे' पर केंद्रित हो गई है। दिपके ने साफ शब्दों में कहा कि ऐसे धार्मिक और ध्रुवीकरण के मुद्दों से युवाओं को रोजगार नहीं मिल सकता।
बोस्टन से पढ़कर लौटे अभिजीत दिपके ने देश के राजनीतिक विमर्श (Political Discourse) को युवाओं से जुड़े सीधे मुद्दों जैसे रोजगार और शिक्षा पर स्थानांतरित करने की मांग की। उन्होंने नीट (NEET) पेपर लीक और सीबीएसई ओएसएम (CBSE OSM) की गड़बड़ियों को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की अपनी मांग को एक बार फिर दोहराया। अभिजीत दिपके ने इस आंदोलन के बाद 5 मुख्य प्वाइंट्स पर अपना रुख साफ किया।
हिंदू-मुस्लिम एजेंडे से क्यों नहीं मिलेगा रोजगार
दिपके ने कहा, "हम देख रहे हैं कि पिछले 10-12 सालों में देश की राजनीति हिंदू-मुस्लिम एजेंडे पर आ गई है। यह मुद्दा नौकरियां नहीं दे सकता। हमें इस ध्यान को भटकाने वाले एजेंडे को बदलना होगा और सरकार की प्राथमिकताओं में भी बदलाव लाना होगा।" उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका आंदोलन सिर्फ शिक्षा मंत्री के इस्तीफे तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि देश के युवाओं के लिए रोजगार एक बहुत बड़ा मुद्दा है और इसके लिए सुधारों का एजेंडा तैयार किया जाएगा।शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा क्यों ज़रूरी है
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग का बचाव करते हुए दिपके ने कहा कि बार-बार परीक्षाओं से जुड़े विवादों के बाद भी कोई जवाबदेही तय नहीं की जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया, "अगर कोई जिम्मेदारी लेने को तैयार ही नहीं है, तो सिस्टम सही तरीके से कैसे काम कर सकता है? अगर किसी कंपनी को किसी व्यक्ति की वजह से नुकसान हो रहा है, तो क्या वह नुकसान तब तक मुनाफे में बदल सकता है जब तक वह व्यक्ति इस्तीफा न दे दे?" उन्होंने कहा कि सरकारी परीक्षाओं के पेपर लगातार लीक हो रहे हैं, ऐसे में जब तक इस्तीफा नहीं होता, यह कैसे माना जाए कि सरकार अपनी गलती स्वीकार करने को तैयार है।दिपके का सवाल- कितने लोगों को पाकिस्तानी बताओगे
जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन में शामिल लोगों को निशाना बनाने वालों पर पलटवार करते हुए दिपके ने कहा, "जंतर-मंतर पर उमड़ी भारी भीड़ और तस्वीरें खुद सच्चाई बयां कर रही हैं। वे कितने लोगों को 'पाकिस्तानी' करार देंगे? क्या वे सवाल पूछने वाले प्रदर्शनकारी छात्रों, विपक्ष और मीडिया को भी पाकिस्तानी कहेंगे?" उन्होंने तंज कसते हुए पूछा कि क्या केवल सत्ताधारी दलों के 'आईटी सेल' के लोग ही भारतीय हैं?बांग्लादेश/नेपाल के जेन जी आंदोलनों से तुलना गलत क्यों
दिपके ने कॉकरोच जनता पार्टी के इस आंदोलन की तुलना पड़ोसी देशों (जैसे नेपाल या बांग्लादेश) में हुए तख्तापलट या हिंसक युवा आंदोलनों से किए जाने को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा, "भारत में एक लोकतांत्रिक व्यवस्था है। जो लोग हमारे आंदोलन की तुलना पड़ोसी देशों से कर रहे हैं, उन्हें पता होना चाहिए कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन बेहद शांतिपूर्ण था। इसमें देश के कोने-कोने से युवा शामिल हुए थे।" उन्होंने आगे कहा कि भविष्य के आंदोलन और बड़े पैमाने पर आयोजित किए जाएंगे, लेकिन वे पूरी तरह से शांतिपूर्ण रहेंगे।क्या कॉकरोच जनता पार्टी किसी दल से जुड़ी है
कई राजनीतिक नेताओं और संगठनों द्वारा इस आंदोलन को समर्थन दिए जाने के बावजूद, दिपके ने स्पष्ट किया कि CJP पूरी तरह से स्वतंत्र रहेगी। उन्होंने कहा, "हमने किसी भी राजनीतिक दल के नेता से बात नहीं की है। यह आंदोलन पूरी तरह से 'जेन जेड' (Gen Z - आज की युवा पीढ़ी) के लिए है। जो लोग हमारा समर्थन करना चाहते हैं, वे बाहर से (Externally) कर सकते हैं, लेकिन हम खुद को किसी भी राजनीतिक दल से नहीं जोड़ेंगे।"कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की शुरुआत भारत के चीफ जस्टिस (CJI) सूर्यकांत की एक टिप्पणी के खिलाफ सोशल मीडिया पर भड़के गुस्से के बाद एक ऑनलाइन अभियान के रूप में हुई थी। महज कुछ ही हफ्तों के भीतर इस संगठन ने इंस्टाग्राम पर 2.2 करोड़ (22 मिलियन) से अधिक फॉलोअर्स जुटा लिए। संगठन ने अब साफ कर दिया है कि यह तो सिर्फ एक शुरुआत है। अगर सरकार ने तय समय सीमा के भीतर कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो यह आंदोलन दिल्ली से निकलकर पूरे देश में फैल जाएगा।