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फ़ोटो साभार: ट्विटर/नरेंद्र मोदी

भारत के साथ इतने अच्छे संबंध कभी नहीं रहे: बोरिस जॉनसन

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने आज कहा है कि उन्हें नहीं लगता कि दोनों देशों के बीच कभी इससे बेहतर संबंध रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका भारत में शानदार स्वागत हुआ है और उन्होंने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद दिया। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी भारत यात्रा दोनों देशों के लिए एक 'बहुत ही शुभ क्षण' है क्योंकि ब्रिटेन-भारत संबंधों में चीजें कभी भी उतनी अच्छी नहीं रही जितनी अब हैं। बोरिस जॉनसन राष्ट्रपति भवन में स्वागत समारोह के बाद मीडिया को संबोधित कर रहे थे। प्रधानमंत्री मोदी उनके बगल में खड़े थे। 

गुजरात के बाद राष्ट्रपति भवन में स्वागत के बाद ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ने कहा कि मैंने ऐसा आनंदमय स्वागत कभी नहीं देखा। 

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राष्ट्रपति भवन में प्रधानमंत्री मोदी द्वारा अगवानी किये जाने से पहले बोरिस जॉनसन राजघाट गए और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी। 

ब्रिटेन और भारत की रणनीतिक रक्षा, कूटनीतिक और आर्थिक साझेदारी पर गहन बातचीत करने के लिए ब्रिटिश प्रधानमंत्री भारत की दो दिवसीय यात्रा पर हैं। इसका उद्देश्य भारत-प्रशांत क्षेत्र में घनिष्ठ साझेदारी और सुरक्षा सहयोग को बढ़ाना है।

इस बीच प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट किया है, 'बहु प्रतीक्षित आपकी यात्रा पर भारत में आपको देखकर अच्छा लगा, मेरे दोस्त पीएम बोरिस जॉनसन। आज हमारी चर्चा के लिए उत्सुक हूँ।'

प्रधानमंत्री मोदी से मुलाक़ात से पहले बोरिस जॉनसन ने ट्वीट कर कहा था, 'मेरे दोस्त नरेंद्र मोदी से आज नई दिल्ली में मिलने के लिए उत्सुक हूँ। जलवायु परिवर्तन से लेकर ऊर्जा सुरक्षा से लेकर रक्षा तक, हमारे लोकतंत्रों की साझेदारी महत्वपूर्ण है क्योंकि दुनिया निरंकुश राज्यों से बढ़ते ख़तरों का सामना कर रही है।'

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ब्रिटिश उच्चायोग की विज्ञप्ति में कहा गया है, 'ब्रिटेन भारत-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ाने के लिए भारत के साथ काम करेगा, जिसमें नई लड़ाकू जेट प्रौद्योगिकी, हेलीकॉप्टर और समुद्र के भीतर युद्ध क्षेत्र में सहयोग शामिल है। प्रधानमंत्री स्वच्छ और नवीकरणीय ऊर्जा पर नए सहयोग पर भी चर्चा करेंगे।'

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ भी बातचीत करेंगे। ब्रिटिश उच्चायोग ने बयान में कहा कि बोरिस जॉनसन की यात्रा के दौरान, यूके और भारतीय व्यवसाय आज सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग से लेकर स्वास्थ्य तक के क्षेत्रों में नए निवेश के लिए सौदे करने जा रहे हैं।

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