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कांग्रेस ने मोदी को उद्धृत करते हुए तंज किया, 'सेना अपने ही इलाक़े से क्यों पीछे हट रही है?' 

लद्दाख में चीनी सेना के साथ-साथ भारतीय सेना के भी पीछे हटने के मुद्दे पर कांग्रेस पार्टी ने सरकार को कटघरे में खड़ा किया है। उसने तंज करते हुए नरेंद्र मोदी के 2013 में दिए गए बयान को उठाया है और उस समय उन्ही की कही गई बात को उद्धृत करते हुए पूछा है कि भारतीय सेना अपने ही इलाक़े से क्यों पीछे हट रही है।
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मोदी निशाने पर क्यों?

कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने ट्वीट कर पूछा है, 'क्या आपको अपने शब्द याद हैं? क्या आपके शब्द के मायने हैं? क्या आप बताएंगे कि भारतीय सैनिक अपने ही इलाक़े से पीछे क्यों हट रहे हैं?'
नरेंद्र मोदी ने मई 2014 में ट्वीट किया था, 'चीन अपनी सेना वापस बुला रही है, पर मुझे आश्चर्य है कि भारतीय सेना भारतीय इलाक़े से ही पीछे क्यों हट रही है?'

मामला क्या है?

मोदी ने ये सवाल 2013 में उठाए थे जिस समय वह गुजरात के मुख्यमंत्री थे। उस समय केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी और मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री थे, बीजेपी विपक्ष में थी।
बता दें कि 15 अप्रैल 2013 को पीपल्स लिबरेशन आर्मी भारतीय सीमा के अंदर घुस आई थी। चीनी सैनिक गलवान घाटी के दौलत बेग ओल्डी के पास राकी नाला तक पहुँच गए थे और वहाँ टेन्ट लगा लिया था। भारतीय सेना भी वहाँ पहुँची और मोर्चेबंदी कर ली। चीनी सेना 5 मई को राकी नाला से पीछे हटी और अपने इलाक़े में लौट गई।

तब और अब

इस साल चीनी सेना अप्रैल में भारतीय इलाक़े में काफी अंदर तक घुस आई, गलवान घाटी में श्योक-गलवान संगम के पास भारतीय सेना के साथ उसकी झड़प हुई जिसमें दोनों पक्षों के सैनिक हताहत हुए। लंबी बातचीत के बाद इस सोमवार को चीनी और भारतीय सैनिकों ने गलवान घाटी का पैट्रोलिंग प्वाइंट 14 खाली कर दिया। दोनों सेनाएं हॉट स्प्रिंग्स और गोगरा भी खाली करने पर राज़ी हो गई हैं।
2013 और 2020 में अंतर यह है कि कांग्रेस और बीजेपी की भूमिकाएं बदल गई हैं। इस बार बीजेपी की सरकार है, नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री हैं और कांग्रेस विपक्ष में है। उस समय कांग्रेस की सरकार थी, बीजेपी विपक्ष में थी।

शशि थरूर ने किया तंज

तिरुवनंतपुरम से कांग्रेस सांसद और लंबे समय तक संयुक्त राष्ट्र में ऊँचे पद पर काम कर चुके शशि थरूर ने तंज करते हुए कहा है कि वह 'मोदी जी के साथ हैं। प्रधानमंत्री को इस सवाल का जवाब ज़रूर देना चाहिए।'

बीजेपी की रहस्यमय चुप्पी!

बता दें कि हर बात पर बेहद आक्रामक रवैया अपनाने और तीखे अंदाज में विपक्ष पर हमला करने वाले बीजेपी प्रवक्ता इस मुद्दे पर चुप हैं। वे दोनों सेनाओं की वापसी के मुद्दे पर रहस्यमय चुप्पी साधे हुए हैं।
बीजेपी से पूछा जा रहा है कि भारतीय सेना अपनी ही सरज़मीं से क्यों पीछे हट रही है? उनसे यह भी पूछा जा रहा है कि जब चीनी सैनिक भारतीय सरज़मीं पर थे ही नहीं, तो वे कहाँ से और क्यों लौट रहे हैं?
याद दिला दें कि चीनी घुसपैठ पर हुई सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  ने ज़ोर देकर कहा था, 'भारतीय सीमा में न तो कोई घुसा है, न ही घुस कर बैठा हुआ है।' 
कांग्रेस ने उस समय भी इसका विरोध किया था और कई तरह के सवाल उठाए थे।
बीजेपी ने किसी सवाल का जवाब देने के बजाय ध्यान हटाने की रणनीति अपनाई और उल्टे कांग्रेस और राहुल गांधी पर ही सवाल दागे। मसलन, कांग्रेस ने कहा कि राहुल सुरक्षा पर बनी समिति की बैठक में भाग नहीं लेते पर सवाल पूछ कर देश का मनबोल गिराते हैं।
बीजेपी ने इसी रणनीति के तहत राजीव गांधी फ़ाउंडेशन पर चीन से पैसे लेकर उसके पक्ष में व्यापार नीति बनाने और इस तरह बीजिंग से घूस लेकर उसे फ़ायदा पहुँचाने वाले फ़ैसले लेने के आरोप लगाए।
पर अब नरेंद्र मोदी के 7 साल पुराने ट्वीट का जवाब बीजेपी के पास नहीं है। 

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