सीईसी ज्ञानेश कुमार ने सम्मेलन में राज्यों के अधिकारियों को राजनीतिक दलों के प्रति सुलभ और उत्तरदायी बनने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि मौजूदा वैधानिक ढांचे के भीतर किसी भी मुद्दे को हल करने के लिए संबंधित सक्षम प्राधिकारी यानी ERO, DEO या CEO नियमित रूप से सभी दलों की बैठकें आयोजित करें। सभी CEO कार्रवाई रिपोर्ट 31 मार्च, 2025 तक संबंधित DEC को भेजें। यानी ज्ञानेश कुमार एक तरफ तो राज्यों के चुनाव अधिकारियों से पारदर्शिता और राजनीतिक दलों के मुद्दों को हल करने की बात कह रहे हैं और दूसरी तरफ केंद्रीय स्तर पर आयोग खुद खामोश है।
ज्ञानेश कुमार ने सभी CEOs, DEOs, EROs और BLOs सहित सभी अधिकारियों से आह्वान किया कि वे पारदर्शी तरीके से काम करें और मौजूदा कानूनी ढांचे यानी जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 और 1951, निर्वाचक नियमावली 1960, चुनाव संचालन नियम 1961 और चुनाव आयोग द्वारा समय-समय पर जारी निर्देशों के अनुसार सभी वैधानिक दायित्वों को निष्ठापूर्वक पूरा करें।