loader

नवनीत राणा के खिलाफ दिन भर मोर्चा खोले रहे शिव सैनिक

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के आवास मातोश्री के बाहर हनुमान चालीसा पढ़ने के एलान को लेकर शनिवार को शिव सैनिक मैदान में उतर गए। सांसद नवनीत राणा और उनके विधायक पति रवि राणा ने एलान किया था कि वे मातोश्री के बाहर शनिवार सुबह 9 बजे हनुमान चालीसा पढ़ेंगे। 

लेकिन शिव सैनिकों ने नवनीत राणा और रवि राणा के घर के बाहर ही डेरा डाल दिया और वहां पर हनुमान चालीसा का पाठ भी किया।

शाम को 4 बजे के आसपास राणा दंपति ने मातोश्री के बाहर हनुमान चालीसा पढ़ने के एलान को वापस ले लिया। इसके पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगामी दिनों में होने वाले मुंबई दौरे को वजह बताया गया है। 

बड़ी संख्या में इकट्ठा हुए शिव सैनिकों को देखते हुए मौके पर पुलिस भी तैनात रही। 

शिवसेना के पदाधिकारी मातोश्री के बाहर भी बैठे रहे। शिव सैनिकों का कहना था कि नवनीत राणा और उनके पति को अपने घर पर हनुमान चालीसा का पाठ करना चाहिए। 

ताज़ा ख़बरें

प्रदर्शन के दौरान शिवसेना की राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने न्यूज़ 24 से कहा कि यह महाराष्ट्र की संस्कृति है कि यहां बुलाए गए और बिना बुलाए गए मेहमानों का स्वागत किया जाता है और हम सभी नवनीत राणा व उनके पति के स्वागत के लिए यहां बैठे हैं।

प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि वह नवनीत राणा को इस बात की चुनौती देती हैं कि वह एक वीडियो में हनुमान चालीसा पूरी सुना दें। 

MP Navneet rana Hanuman Chalisa Matoshree controversy - Satya Hindi
दूसरी ओर, नवनीत राणा व रवि राणा का कहना था कि उन्हें उनके घर में ही कैद कर दिया गया है और शिव सैनिकों ने उनके घर पर हमला करने की कोशिश की है। 
महाराष्ट्र से और खबरें

मुंबई पुलिस ने इस मामले में नवनीत राणा और उनके पति को नोटिस जारी किया था। पुलिस ने कहा था कि अगर कानून और व्यवस्था की स्थिति खराब होती है तो इसके लिए नवनीत राणा और उनके पति जिम्मेदार होंगे।

सत्य हिन्दी ऐप डाउनलोड करें

गोदी मीडिया और विशाल कारपोरेट मीडिया के मुक़ाबले स्वतंत्र पत्रकारिता का साथ दीजिए और उसकी ताक़त बनिए। 'सत्य हिन्दी' की सदस्यता योजना में आपका आर्थिक योगदान ऐसे नाज़ुक समय में स्वतंत्र पत्रकारिता को बहुत मज़बूती देगा। याद रखिए, लोकतंत्र तभी बचेगा, जब सच बचेगा।

नीचे दी गयी विभिन्न सदस्यता योजनाओं में से अपना चुनाव कीजिए। सभी प्रकार की सदस्यता की अवधि एक वर्ष है। सदस्यता का चुनाव करने से पहले कृपया नीचे दिये गये सदस्यता योजना के विवरण और Membership Rules & NormsCancellation & Refund Policy को ध्यान से पढ़ें। आपका भुगतान प्राप्त होने की GST Invoice और सदस्यता-पत्र हम आपको ईमेल से ही भेजेंगे। कृपया अपना नाम व ईमेल सही तरीक़े से लिखें।
सत्य अनुयायी के रूप में आप पाएंगे:
  1. सदस्यता-पत्र
  2. विशेष न्यूज़लेटर: 'सत्य हिन्दी' की चुनिंदा विशेष कवरेज की जानकारी आपको पहले से मिल जायगी। आपकी ईमेल पर समय-समय पर आपको हमारा विशेष न्यूज़लेटर भेजा जायगा, जिसमें 'सत्य हिन्दी' की विशेष कवरेज की जानकारी आपको दी जायेगी, ताकि हमारी कोई ख़ास पेशकश आपसे छूट न जाय।
  3. 'सत्य हिन्दी' के 3 webinars में भाग लेने का मुफ़्त निमंत्रण। सदस्यता तिथि से 90 दिनों के भीतर आप अपनी पसन्द के किसी 3 webinar में भाग लेने के लिए प्राथमिकता से अपना स्थान आरक्षित करा सकेंगे। 'सत्य हिन्दी' सदस्यों को आवंटन के बाद रिक्त बच गये स्थानों के लिए सामान्य पंजीकरण खोला जायगा। *कृपया ध्यान रखें कि वेबिनार के स्थान सीमित हैं और पंजीकरण के बाद यदि किसी कारण से आप वेबिनार में भाग नहीं ले पाये, तो हम उसके एवज़ में आपको अतिरिक्त अवसर नहीं दे पायेंगे।
सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें

अपनी राय बतायें

महाराष्ट्र से और खबरें

ताज़ा ख़बरें

सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें