अतीक अहमद के बेटे अबान झांसी जेल में बंद अपने बड़े भाई अली अहमद से मिलने चार दोस्तों के साथ जा रहे थे। वह गाड़ी में ड्राइवर के बगल वाली सीट पर बैठे थे, जबकि उनके एक दोस्त मोहम्मद ज़ैद गाड़ी चला रहे थे।
माफिया से नेता बने दिवंगत अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद की गुरुवार उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में एक भीषण सड़क हादसे में मौत हो गई। हादसे में उनके एक दोस्त की भी जान चली गई, जबकि तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस के अनुसार, अबान झांसी जिला जेल में बंद अपने बड़े भाई अली अहमद से मिलने प्रयागराज से झांसी जा रहे थे। रास्ते में उनकी कार अनियंत्रित होकर हाईवे के डिवाइडर से टकरा गई।
पुलिस के मुताबिक़ हादसा गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे झांसी के पूंछ थाना क्षेत्र में हुआ। अबान और उनके चार दोस्त हुंडई क्रेटा कार से प्रयागराज से झांसी जा रहे थे। बताया जा रहा है कि कार तेज रफ्तार में थी। अचानक वाहन का संतुलन बिगड़ गया और वह डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। वाहन कई फीट हवा में उछल गया और उसके मलबे हाईवे पर लगभग 40 फीट तक बिखर गए।
दो लोगों की मौके पर ही मौत
हादसे में अबान अहमद और उनके दोस्त सोनू की मौके पर ही मौत हो गई। कार में सवार अन्य तीन लोग मोहम्मद ज़ैद, उमर अहमद और असलम गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत झांसी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस के अनुसार फिलहाल उनकी हालत स्थिर है।
शुरुआती जाँच में सामने आया है कि अबान अहमद अपने बड़े भाई अली अहमद से मिलने झांसी जेल जा रहे थे। अली अहमद पहले प्रयागराज की नैनी सेंट्रल जेल में बंद थे, लेकिन 1 अक्टूबर 2025 को उन्हें झांसी जिला जेल स्थानांतरित किया गया था। अली रंगदारी और कई अन्य मामलों में जेल में बंद हैं। वह वर्ष 2023 में हुए उमेश पाल हत्याकांड में भी आरोपी हैं।हादसे की वजह क्या थी?
पुलिस अभी दुर्घटना के सही कारण की जांच कर रही है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और प्रत्यक्षदर्शियों तथा घायलों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। फिलहाल हादसे को लेकर अलग-अलग बातें सामने आई हैं। टीओआई की रिपोर्ट के अनुसार एक प्रत्यक्षदर्शी दीपक यादव ने बताया कि अचानक एक बछड़ा सड़क पर आ गया। उसे बचाने के लिए चालक ने कार मोड़ी। उसी दौरान सामने एक मोटरसाइकिल आ गई, जिससे बचने की कोशिश में कार डिवाइडर से टकरा गई। हादसे में घायल उमर अहमद ने मीडियाकर्मियों को बताया कि सड़क पर पड़ी ईंट से कार टकराई, जिसके बाद वाहन अनियंत्रित हो गया। पुलिस का कहना है कि हादसे के समय हल्की बारिश के कारण सड़क गीली थी। इसके अलावा कार की तेज रफ्तार भी दुर्घटना की बड़ी वजह हो सकती है। टीओआई की रिपोर्ट के अनुसार प्रत्यक्षदर्शी दीपक यादव ने बताया कि हादसे के वक़्त वाहन की रफ़्तार 120 किलोमीटर प्रति घंटे रही होगी। उन्होंने यह भी कहा कि हादसे के बाद कार के दरवाजे पूरी तरह जाम हो गए थे।
स्थानीय लोगों ने बचाव अभियान चलाया
स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी। इसके साथ-साथ उन्होंने पास के घर से लोहे की रॉड लाकर हादसे के बाद जाम हुए कार के दरवाजे तोड़ने की कोशिश की। रिपोर्ट के अनुसार दीपक ने बताया कि सबसे पहले उन्होंने जिस युवक को बाहर निकाला, उसने अपना नाम अबान बताया और कहा, 'मुझे बचा लो।' कुछ ही देर बाद वह बेहोश हो गए। पुलिस मौके पर पहुंची और बाकी लोगों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया।
पुलिस ने अबान अहमद के शव को पोस्टमार्टम के लिए झांसी मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। पोस्टमार्टम के बाद शव उनके परिवार को सौंप दिया जाएगा। जानकारी के अनुसार उनका अंतिम संस्कार प्रयागराज में उनके पिता अतीक अहमद की कब्र के पास किया जाएगा।
अतीक अहमद परिवार पर लगातार संकट
अबान अहमद, अतीक अहमद के पांच बेटों में सबसे छोटे थे। पिछले कुछ वर्षों में अतीक अहमद के परिवार पर लगातार संकट आया है। अप्रैल 2023 में अतीक अहमद और उनके भाई अशरफ की प्रयागराज में पुलिस सुरक्षा के बीच गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उसी महीने अतीक के बेटे असद अहमद की झांसी में पुलिस मुठभेड़ में मौत हो गई थी। बड़े बेटे अली अहमद झांसी जेल में बंद हैं। एक अन्य बेटे उमर अहमद लखनऊ जेल में बंद हैं। अतीक की पत्नी शाइस्ता परवीन उमेश पाल हत्याकांड में वांछित हैं और 2023 से फरार चल रही हैं। पुलिस ने अभी यह पुष्टि नहीं की है कि शाइस्ता परवीन अपने बेटे के अंतिम संस्कार में शामिल होंगी या नहीं।