हैदराबाद की कंपनी भारत बायोटेक इंटरनेशनल लिमिटेड ने आईसीएमआर और नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ वायरोलॉजी (एनआईवी) के साथ मिलकर यह कोवैक्सीन (BBV152) तैयार की है।
भारत बायोटेक को भी इस बात का भरोसा नहीं है कि वह 15 अगस्त तक इसे तैयार कर लेगी। भारत बायोटेक ने कहा है कि क्लीनिकल ट्रायल के फ़ेज एक और दो के रिजल्ट अक्टूबर तक आ पाएंगे। इसके बाद कई तरह के अप्रूवल लेने होंगे और फिर फ़ेज 3 का ट्रायल होगा।