पीएम केयर्स फंड शुरू से विवादों और संदेहों के घेरे में है। मोदी सरकार नहीं बता रही है कि इसमें पैसा देने वाले कौन हैं और पैसा कहाँ खर्च हो रहा है। अब दिल्ली एवं बाम्बे हाईकोर्ट पर सबकी नज़र है कि क्या वे सरकार को पारदर्शिता बरतने के लिए बाध्य कर पाएंगे? वरिष्ठ पत्रकार मुकेश कुमार की रिपोर्ट-
ट्रेंडिंग
ख़बर
अगली खबर लोड हो रही है...





.webp&w=3840&q=75)



















