यूएस राष्ट्रपति ट्रंप ने एक दिन पहले कहा था कि ईरान उन्हें आयतुल्लाह बनाना चाहता, लेकिन मैंने उन्हें शुक्रिया अदा किया। अब ट्रंप ने गुरुवार को नया बयान दे डाला। उन्होंने ईरान को धमकी देते हुए कहा कि समझौते का समय निकाला जा रहा है।
ट्रंप ने गुरुवार को ट्रुथ सोशल पर लिखा- "ईरानी वार्ताकार बहुत अलग और 'अजीब' हैं। वे हमसे समझौता करने की 'भीख' मांग रहे हैं, जो उन्हें करना ही चाहिए क्योंकि सैन्य रूप से उनका सफाया हो चुका है और उनके फिर से उभरने की कोई संभावना नहीं है, फिर भी वे सार्वजनिक रूप से कह रहे हैं कि वे केवल 'हमारे प्रस्ताव पर विचार कर रहे हैं।' गलत!!!" 
उन्होंने आगे कहा, "उन्हें जल्द ही गंभीर हो जाना चाहिए, इससे पहले कि बहुत देर हो जाए, क्योंकि एक बार ऐसा हो गया तो पीछे मुड़ना संभव नहीं होगा, और परिणाम अच्छे नहीं होंगे।"
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ट्रंप की यह पोस्ट ऐसे समय आई है जब उन्होंने इस सप्ताह की शुरुआत में कहा था कि अमेरिका और ईरान संघर्ष को समाप्त करने के लिए बातचीत कर रहे हैं, जो उनके पहले के रुख से बिल्कुल उलट है।
व्हाइट हाउस ने कहा है कि बातचीत ठप्प नहीं पड़ी है, भले ही तेहरान ने युद्ध समाप्त करने के लिए अमेरिका समर्थित ढांचे को तुरंत स्वीकार नहीं किया हो। अमेरिकी अधिकारियों ने सीएनएन को बताया कि प्रशासन संघर्ष का समाधान खोजने के प्रयासों के तहत पाकिस्तान में एक संभावित बैठक आयोजित करने की कोशिश कर रहा है। उपराष्ट्रपति जेडी वैंस शनिवार को अमेरिका जा रहे हैं।

वो मुझे आयतुल्लाह बना रहे थेः ट्रंप

ट्रंप ने इससे पहले इस दावे पर ज़ोर दिया कि वो (ईरान) लगभग एक महीने से चल रहे युद्ध को समाप्त करने के लिए ईरान के साथ बातचीत कर रहे हैं। रिपब्लिकन पार्टी के चंदा इकट्ठा करने वाले एक कार्यक्रम में बोलते हुए ट्रंप ने एक चौंकाने वाला दावा किया कि ईरान के नेतृत्व ने अनौपचारिक रूप से उन्हें इस्लामी गणराज्य का अगला सर्वोच्च नेता बनने का प्रस्ताव दिया था, लेकिन उन्होंने इसे ठुकरा दिया।

ट्रंप ने कहा- "हम उनकी बात स्पष्ट रूप से सुनते हैं। वे कहते हैं, 'मैं यह पद नहीं चाहता। हम आपको अगला सर्वोच्च नेता बनाना चाहते हैं।' नहीं, धन्यवाद। मैं यह पद नहीं चाहता।" ये टिप्पणियां ईरान में सत्ता के उस शून्य के बीच आई हैं, जहां कई शीर्ष नेताओं की हमलों में हत्या कर दी गई है। पिछले महीने अयातुल्ला अली खामेनेई की हत्या के बाद, उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को सर्वोच्च नेता बनाया गया था। हालांकि, युद्ध शुरू होने के बाद से वे सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए हैं। खबरों के अनुसार, वे हमलों में घायल हो गए थे।

ट्रंप के 15 सूत्री प्रस्ताव का क्या हुआ

खबरों के मुताबिक, वाशिंगटन ने पाकिस्तान समेत मध्यस्थों के ज़रिए तेहरान को 15 सूत्रीय युद्धविराम प्रस्ताव भेजा है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इस प्रस्ताव में ईरान के परमाणु कार्यक्रम को समाप्त करने, लेबनान के हिज़्बुल्लाह जैसे प्रॉक्सी समूहों को समर्थन देना बंद करने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की बात कही गई है। तेहरान ने सार्वजनिक रूप से इस प्रस्ताव और बातचीत के दावों दोनों को खारिज कर दिया है। ईरानी प्रवक्ता ने कहा कि "जैसा कि हम हमेशा से कहते आए हैं... हम जैसे लोग आपसे कोई समझौता नहीं करेंगे। न अभी, न कभी।" ईरान की फ़ार्स न्यूज़ एजेंसी ने बताया कि तेहरान ने इसके बजाय पांच सूत्रीय जवाबी प्रस्ताव रखा है, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि संघर्ष का कोई भी अंत उसकी अपनी शर्तों पर ही होगा।