मिडिल ईस्ट फिर से युद्ध की चपेट में है। यूएस के ईरान पर हमले के बाद उसने खाड़ी देशों में कई जगह अमेरिकी अड्डों को निशाना बनाया है। Middle East Crisis eclates, Iran Targets US Bases After US Strikes; Kuwait Closes Airspace.
मुजतबा खामेनेई और ट्रंप (दाएं)
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बेहद खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रक्षा सचिव पीट हेगसेथ की सख्त चेतावनी के कुछ ही घंटों बाद, अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ नए सैन्य हमले शुरू कर दिए हैं। इस ताजा कार्रवाई के बाद ईरान के कई हिस्सों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गई हैं और ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' (Strait of Hormuz) को बंद करने का ऐलान कर दिया है।
अमेरिकी हमलों के बाद ईरान के दक्षिणी शहरों सिरिक (Sirik) और मिनाब (Minab) में बड़े धमाकों की खबरें हैं। इसके अलावा बंदर अब्बास (Bandar Abbas), कशम द्वीप (Qeshm island) और गोर्गन (Gorgan) में भी विस्फोट होने की जानकारी सामने आई है। हमलों के तुरंत बाद ईरान के कई हिस्सों में उसकी एयर डिफेंस (हवाई रक्षा) प्रणाली को एक्टिवेट कर दिया गया।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि कमांडर-इन-चीफ (डोनाल्ड ट्रम्प) के आदेश पर अमेरिकी सेना ने ईरान में कई ठिकानों के खिलाफ 'आत्मरक्षा' में ये हमले शुरू किए हैं। CENTCOM के अनुसार, यह कार्रवाई ईरान द्वारा लगातार बढ़ाई जा रही आक्रामकता का जवाब है।
ट्रंप और रक्षा सचिव की सख्त चेतावनी
इस सैन्य कार्रवाई से कुछ ही घंटे पहले व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा था, "हमने कल भी उन्हें करारा जवाब दिया था और आज (गुरुवार) फिर हम उन पर कड़ा प्रहार करने जा रहे हैं।" ट्रम्प ने ईरान पर दबाव बनाते हुए कहा कि यदि वे इस तनाव को और आगे नहीं बढ़ाना चाहते, तो उन्हें एक समझौते (Deal) पर हस्ताक्षर करने चाहिए।वहीं अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने भी साफ किया था कि अमेरिकी हमलों का उद्देश्य ईरान के भीतर महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाना है और यह संदेश पूरी तरह 'मजबूत और स्पष्ट' होगा।
ईरान का बड़ा कदम: 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' को किया बंद
अमेरिकी हमलों के बाद बौखलाए ईरान ने बेहद आक्रामक रुख अपनाते हुए 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' (Strait of Hormuz) को सभी तरह के वाणिज्यिक जहाजों और तेल टैंकरों के लिए पूरी तरह बंद करने की घोषणा कर दी है। ईरान की संयुक्त सैन्य कमान ने चेतावनी दी है कि इस जलमार्ग से गुजरने की कोशिश करने वाले किसी भी जहाज को निशाना बनाया जाएगा।