loader

कर्नाटक: बीजेपी विधायक ने लॉकडाउन के बीच जोर-शोर से मनाया बर्थडे

देशव्यापी लॉकडाउन के बीच कर्नाटक बीजेपी के विधायक एम. जयराम ने शुक्रवार को अपना बर्थडे जोर-शोर से मनाया। इस मौक़े पर उनके सैकड़ों समर्थक जमा हुए और एक बड़ा चॉकलेट केक काटा गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बच्चों को भी बुलाया गया। 

बर्थडे में शामिल हुए लोगों को बिरयानी भी परोसी गई। ऐसे समय में जब दुनिया भर में और भारत में भी लोगों से सामूहिक आयोजन न करने और न इसमें शामिल होने की अपील की गयी है, तब भी विधायक बने हुए लोग तक बाज़ नहीं आ रहे हैं। 

ताज़ा ख़बरें

15 मार्च को कर्नाटक के मुख्यमंत्री बी.एस. येदियुरप्पा एक बीजेपी नेता के शादी समारोह में गये और वहां भी अच्छी-खासी संख्या में लोग मौजूद थे। इसके अलावा कांग्रेस के कार्यकर्ता भी नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष डी.के. शिवकुमार को बधाई देने के लिये हाल ही में भारी संख्या में जुटे थे। 

कर्नाटक में शुक्रवार को ही कोरोना वायरस के 10 नये पॉजिटिव मामले सामने आये हैं और संक्रमित व्यक्तियों का आंकड़ा 207 हो गया है। राज्य में इस वायरस से संक्रमित छह लोगों की मौत हो चुकी है। लेकिन बावजूद उसके विधायक जैसे पदों पर बैठे लोग लॉकडाउन का मखौल उड़ाने में लगे हुए हैं। 

एक ओर कर्नाटक की बीजेपी सरकार ने लॉकडाउन को 30 अप्रैल तक बढ़ाने का समर्थन किया है, वहीं दूसरी ओर उसके ही विधायक और नेता बर्थडे, शादी समारोहों का आयोजन कर रहे हैं।

बीजेपी विधायक के घर पर जुटे लोग 

5 अप्रैल को भी जब पूरे देश में लॉकडाउन था तो महाराष्ट्र के वर्धा से बीजेपी विधायक दादाराव केचे के घर पर उनके जन्मदिन के मौक़े पर 200 लोग जमा हो गये थे। मार्च के महीने में मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार गिरने के बाद भी बीजेपी के नेताओं ने अपनी सरकार बनने की ख़ुशी में जमकर जश्न मनाया था और सोशल डिस्टेंसिंग को तार-तार कर दिया था। 

देश से और ख़बरें
जब पूरा देश कोरोना महामारी से जूझ रहा है, लोग घरों में दुबके हुए हैं, ऐसे समय में सत्तारूढ़ पार्टी के विधायक का क्या इस तरह भव्यता के साथ बर्थडे मनाना ज़रूरी था। एक ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोशल डिस्टेंसिंग पर जोर दे रहे हैं लेकिन यहां उनकी ही पार्टी के विधायक, नेता इसे नहीं मान रहे हैं। 
सत्य हिन्दी ऐप डाउनलोड करें

'सत्य हिन्दी'
की ताक़त बनिए


गोदी मीडिया और विशाल कारपोरेट मीडिया के मुक़ाबले स्वतंत्र पत्रकारिता का साथ दीजिए और उसकी ताक़त बनिए। 'सत्य हिन्दी' की सदस्यता योजना में आपका आर्थिक योगदान ऐसे नाज़ुक समय में स्वतंत्र पत्रकारिता को बहुत मज़बूती देगा। याद रखिए, लोकतंत्र तभी बचेगा, जब सच बचेगा।

नीचे दी गयी विभिन्न सदस्यता योजनाओं में से अपना चुनाव कीजिए। सभी प्रकार की सदस्यता की अवधि एक वर्ष है। सदस्यता का चुनाव करने से पहले कृपया नीचे दिये गये सदस्यता योजना के विवरण और Membership Rules & NormsCancellation & Refund Policy को ध्यान से पढ़ें। आपका भुगतान प्राप्त होने की GST Invoice और सदस्यता-पत्र हम आपको ईमेल से ही भेजेंगे। कृपया अपना नाम व ईमेल सही तरीक़े से लिखें।
सत्य अनुयायी के रूप में आप पाएंगे:
  1. सदस्यता-पत्र
  2. विशेष न्यूज़लेटर: 'सत्य हिन्दी' की चुनिंदा विशेष कवरेज की जानकारी आपको पहले से मिल जायगी। आपकी ईमेल पर समय-समय पर आपको हमारा विशेष न्यूज़लेटर भेजा जायगा, जिसमें 'सत्य हिन्दी' की विशेष कवरेज की जानकारी आपको दी जायेगी, ताकि हमारी कोई ख़ास पेशकश आपसे छूट न जाय।
  3. 'सत्य हिन्दी' के 3 webinars में भाग लेने का मुफ़्त निमंत्रण। सदस्यता तिथि से 90 दिनों के भीतर आप अपनी पसन्द के किसी 3 webinar में भाग लेने के लिए प्राथमिकता से अपना स्थान आरक्षित करा सकेंगे। 'सत्य हिन्दी' सदस्यों को आवंटन के बाद रिक्त बच गये स्थानों के लिए सामान्य पंजीकरण खोला जायगा। *कृपया ध्यान रखें कि वेबिनार के स्थान सीमित हैं और पंजीकरण के बाद यदि किसी कारण से आप वेबिनार में भाग नहीं ले पाये, तो हम उसके एवज़ में आपको अतिरिक्त अवसर नहीं दे पायेंगे।
सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें

अपनी राय बतायें

देश से और खबरें

ताज़ा ख़बरें

सर्वाधिक पढ़ी गयी खबरें