राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने NEET-UG 2026 की री-एग्जाम की तारीख की आधिकारिक घोषणा कर दी है। NTA ने री-एग्जाम 21 जून 2026 (रविवार) को कराने का फैसला लिया है। पिछली प्रवेश परीक्षा रद्द घोषित हो चुकी है। NTA ने भारत सरकार की मंजूरी के साथ जारी अधिसूचना में यह जानकारी दी है। वादा किया गया है कि नई परीक्षा में बढ़ी हुई सुरक्षा और निगरानी के सख्त इंतजाम किए जाएंगे।
NEET-UG 2026 की मूल परीक्षा पेपर लीक के बड़े विवाद के कारण रद्द कर दी गई थी। इस घटना ने देशभर के छात्रों और अभिभावकों में व्यापक आक्रोश पैदा कर दिया था। लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों की तैयारी और भविष्य प्रभावित होने के कारण परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया गया। CBI इस पेपर लीक मामले की जांच तेजी से कर रही है।
सरकार ने कमियों की जिम्मेदारी ली
लंबी खामोशी के बाद शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान शुक्रवार को मीडिया के सामने आए। प्रधान ने कहा, “राधाकृष्णन समिति की सिफारिशों का पालन करने के बावजूद, खामी रह गई। हम इसे स्वीकार करते हैं और इसे सुधारने की जिम्मेदारी लेते हैं।” केंद्रीय मंत्री 2024 के NEET परीक्षा परिणाम लीक के बाद गठित पूर्व ISRO अध्यक्ष के. राधाकृष्णन की अध्यक्षता वाली उच्च स्तरीय समिति का जिक्र कर रहे थे। रिपोर्ट के अनुसार, समिति ने परीक्षा प्रक्रिया में सुधार के लिए 95 व्यापक सिफारिशें की थीं, लेकिन निर्देशों के अनुसार उनका पालन नहीं किया गया।
उनके अनुसार, परीक्षा 3 मई को आयोजित की गई थी, लेकिन 7 मई तक एनटीए को शिकायतें मिलीं कि अनुमानित प्रश्नपत्रों में कई सवाल वास्तविक परीक्षा के प्रश्नों से मेल खाते हैं। इसके बाद उच्च शिक्षा विभाग ने जांच शुरू की और केंद्रीय एजेंसियों को इसमें शामिल किया, जिन्होंने राज्य अधिकारियों के साथ मिलकर काम किया और 12 मई तक पुष्टि की कि वास्तविक प्रश्नपत्र वास्तव में प्रभावित हुआ था।
एनटीए पर चुप्पीः प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उनसे एनटीए में कथित तौर पर अंदरूनी लोगों की संलिप्तता के बारे में पूछा गया, जिस पर उन्होंने जवाब देते हुए कहा, “सीबीआई इस मामले की पूरी तरह से जांच करेगी। सीबीआई एक भरोसेमंद एजेंसी है और वह मामले की निष्पक्ष रूप से जांच करेगी।”
प्रधान ने कहा कि सरकार ने परीक्षा रद्द करने का फैसला इसलिए किया क्योंकि वह ईमानदार छात्रों को धोखाधड़ी करने वालों के संगठित नेटवर्क और "शिक्षा माफिया" की वजह से नुकसान नहीं पहुंचाना चाहती थी। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले साल के विवाद के बाद राधाकृष्णन समिति द्वारा सुझाए गए कई सुधार NEET 2025 और 2026 के लिए पहले ही लागू किए जा चुके थे, लेकिन इन सुरक्षा उपायों के बावजूद भी परीक्षा लीक हो गई।
छात्रों के लिए कुछ महत्वपूर्ण अपडेट
- रीटेस्ट 21 जून, 2026 को होगा।
- उम्मीदवारों को परीक्षा का शहर चुनने की अनुमति दी जाएगी, जिसका उद्देश्य यात्रा का बोझ कम करना और परीक्षा रद्द होने के बाद दोबारा परीक्षा देने वाले लाखों छात्रों के लिए प्रक्रिया को आसान बनाना है।
- मंत्री ने यह भी पुष्टि की कि NEET UG रीटेस्ट के नए एडमिट कार्ड 14 जून, 2026 तक NTA की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी कर दिए जाएंगे।
- छात्र अपने मौजूदा आवेदन क्रेडेंशियल का उपयोग करके अपना हॉल टिकट डाउनलोड कर सकेंगे।
- इससे पहले, अधिकारियों ने स्पष्ट किया था कि छात्रों को परीक्षा के लिए दोबारा पंजीकरण करने की आवश्यकता नहीं होगी।
- प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रधान ने कहा कि अगले वर्ष से कंप्यूटर आधारित परीक्षा (CBT) प्रणाली की ओर बढ़ने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि NEET परीक्षा को ऑनलाइन मोड में ट्रांसफर किया जाना चाहिए, जो वर्तमान पेपर आधारित प्रारूप से पूरी तरह से कंप्यूटर आधारित परीक्षा प्रणाली में परिवर्तन का संकेत है।
NTA ने सभी कैंडिडेट्स और अभिभावकों से अपील की है कि वे परीक्षा से जुड़ी किसी भी जानकारी के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करें। सोशल मीडिया या अनौपचारिक चैनलों पर फैल रही अफवाहों से बचें। उसने हेल्पलाइन नंबर: 011-40759000 और 011-69227700 और ईमेल: neet-ug@nta.ac.in जारी किया है।
पिछले विवाद के बाद 21 जून की री-एग्जाम में परीक्षा केंद्रों पर सख्त प्रोटोकॉल, डिजिटल निगरानी और गोपनीय सामग्री की बेहतर हैंडलिंग लागू की जाएगी। इसका मकसद परीक्षा की विश्वसनीयता बहाल करना और छात्रों का विश्वास जीतना है। NTA ने छात्रों से आह्वान किया है कि वे शांतिपूर्वक तैयारी करें और आधिकारिक अपडेट्स का इंतजार करें। यह परीक्षा देशभर के मेडिकल प्रवेश के लिए निर्णायक साबित होगी।