UIDAI ने नया आधार ऐप लॉन्च किया है। आपको जगह-जगह फोटो कॉपी नहीं देना होगा। आप अपना मोबाइल नंबर या अपडेट करना चाहते हैं तो इसके ज़रिए आसानी से कर सकते हैं। जानिए पूरी बातः
आम लोगों के लिए पहचान की जांच को आसान, सुरक्षित और पूरी तरह डिजिटल बनाने के लिए…सरकार ने नया आधार ऐप लॉन्च किया है। इस ऐप को UIDAI यानी भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण ने तैयार किया है। इसका मकसद ये है कि लोग रोज़मर्रा की ज़िंदगी में आधार का इस्तेमाल बिना फिजिकल कार्ड और बिना फोटोकॉपी के कर सकें। अब आधार की जानकारी मोबाइल में सुरक्षित रहेगी और जरूरत पड़ने पर डिजिटल तरीके से वेरिफिकेशन किया जा सकेगा। मोबाइल नंबर या पता बदलने के लिए अब आधार सेंटर के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे, क्योंकि ये सारे काम भी इस ऐप से घर बैठे हो सकेंगे।
नए आधार ऐप में प्राइवेसी को सबसे ज़्यादा अहमियत दी गई है। आईटी सचिव एस. कृष्णन का कहना है कि सरकार लोगों की निजता को लेकर गंभीर है और इसी वजह से इस प्लेटफॉर्म को ऐसे सिद्धांत पर बनाया गया है जिससे ये कम से कम डेटा इकट्ठा करे। उन्होंने कहा कि आधार से जुड़े ज़्यादातर डेटा लीक मामलों में थर्ड पार्टी कंपनियाँ ज़रूरत से ज़्यादा जानकारी इकट्ठा कर रही थीं। आधार के केंद्रीय डेटाबेस में सेंधमारी नहीं हुई थी। सरकार का कहना है कि अब यूज़र की जानकारी सिर्फ उतनी ही साझा होगी, जितनी ज़रूरी होगी, जिससे आधार डेटा के दुरुपयोग की आशंका कम होगी।
नया आधार ऐप “Show, Share और Verify” मॉडल पर काम करता है। इसका मतलब ये है कि लोग कहीं भी और कभी भी डिजिटल तरीके से अपनी पहचान दिखा सकते हैं, ज़रूरत के हिसाब से अपनी जानकारी साझा कर सकते हैं और तुरंत वेरिफिकेशन करवा सकते हैं। अब हर जगह पूरी आधार डिटेल देने की मजबूरी नहीं होगी। अब आप ये खुद तय करेंगे कि सिर्फ नाम, फोटो या पता जैसी कौन-सी जानकारी आप शेयर करना चाहते हैं। इससे प्राइवेसी बेहतर होगी और लोगों को अपने डेटा पर पूरा कंट्रोल मिलेगा।
इस ऐप की सबसे अहम और असरदार सुविधा ये है कि यह आधार के दुरुपयोग को रोकने में मदद करेगा। अब यूज़र इस ऐप पर यह देख सकता है कि उसके आधार का वेरिफिकेशन कब-कब और कहाँ-कहाँ किया गया है। यानी अगर किसी जगह आपके आधार का इस्तेमाल हुआ है, तो उसका रिकॉर्ड आपके सामने होगा। इसे ऑथेंटिकेशन हिस्ट्री कहा जाता है। इससे लोगों को यह समझने में मदद मिलेगी कि उनकी डिजिटल पहचान का उपयोग किन संस्थानों ने किया और क्या वह इस्तेमाल सही था या नहीं। अगर कहीं गलत इस्तेमाल होता है, तो उसे तुरंत पकड़ा जा सकता है। इस तरह ये ऐप आधार की सुरक्षा बढ़ाने और फर्जीवाड़ा रोकने का एक मजबूत तरीका बन सकता है।
नया आधार ऐप QR कोड और ऑफलाइन वेरिफिकेशन को भी सपोर्ट करता है। होटल, बैंक, एयरपोर्ट और सरकारी दफ्तरों में QR कोड स्कैन करके पहचान की पुष्टि की जा सकेगी। अब लोगों को कार्ड या उसकी हार्ड कॉपी साथ लेकर चलने की मजबूरी खत्म हो जाएगी।
यह ऐप परिवार को ध्यान में रखकर बनाया गया है। एक ही मोबाइल में पाँच आधार प्रोफाइल तक जोड़ी जा सकती हैं। इसका मतलब है कि माता-पिता, बच्चे और बुज़ुर्गों का आधार एक ही ऐप से मैनेज किया जा सकेगा। इससे परिवार के सभी सदस्यों से जुड़े आधार से जुड़े काम एक ही जगह से पूरे हो जाएंगे।
इस ऐप से अब मोबाइल नंबर और पता अपडेट करना भी आसान हो गया है। मोबाइल नंबर बदलने के लिए यूज़र को ऐप के Services सेक्शन में जाकर Update Mobile Number विकल्प चुनना होगा, नया नंबर डालना होगा और उस नंबर पर आए OTP को डालते ही अपडेट की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। इसी तरह पता बदलने के लिए Address Update विकल्प चुनकर एड्रेस प्रूफ दस्तावेज़ अपलोड करना होगा और जानकारी वेरीफाई करनी होगी। इन दोनों प्रक्रियाओं में लगभग 30 दिन का समय लग सकता है और ऐप में इस सेवा का शुल्क 75 रुपये बताया गया है।
सरकार का कहना है कि नया आधार ऐप डिजिटल इंडिया के बड़े विज़न का हिस्सा है। पहचान की जांच को आसान बनाकर और प्राइवेसी की रक्षा करके यह ऐप सेवाओं को बेहतर बनाएगा, पारदर्शिता बढ़ाएगा और आम लोगों की ज़िंदगी को आसान बनाएगा। ये नया आधार ऐप Android और iOS दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है और कई भारतीय भाषाओं में काम करता है।
कुल मिलाकर, नया आधार ऐप लोगों को घर बैठे आधार से जुड़ी सेवाएं लेने की सुविधा देता है। अब न फोटोकॉपी की झंझट होगी, न बार-बार आधार सेंटर जाने की मजबूरी और न ही ज़रूरत से ज़्यादा निजी जानकारी शेयर करनी पड़ेगी। साथ ही, इस ऐप के ज़रिये लोग यह भी देख सकेंगे कि उनके आधार का इस्तेमाल कहाँ और कब हुआ है, जिससे आधार के दुरुपयोग पर लगाम लग सकेगी। यानी आधार अब सिर्फ एक कार्ड नहीं, बल्कि मोबाइल में मौजूद एक सुरक्षित डिजिटल पहचान बन गया है।
आधार ऐप से फोन नंबर और पता अपडेट कैसे करें
ऑफलाइन ऑथेंटिकेशन के अलावा, आधार ऐप से मोबाइल नंबर और पता सीधे अपडेट कर सकते हैं।
- अपने मोबाइल पर नया आधार ऐप गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड करें। अगर पहले से पुराना ऐप है तो हटा दें।
- नया आधार ऐप खोलें और आधार-आधारित ऑथेंटिकेशन से लॉग इन करें।
- होम स्क्रीन पर ‘Update Aadhaar details’ सेक्शन पर जाएं।
- चुनें कि मोबाइल नंबर अपडेट करना है या पता।
- नई डिटेल्स दर्ज करें और वेरिफिकेशन के लिए रिक्वेस्ट सबमिट करें।
- ऐप में प्रॉम्प्ट के अनुसार ऑथेंटिकेशन पूरा करें।
- अपडेट के लिए न्यूनतम फीस देनी होगी।
- वेरिफाइड होने पर अपडेट रिक्वेस्ट प्रोसेस होकर आधार रिकॉर्ड में रिफ्लेक्ट हो जाएगा।