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जावेद अख्तर ने किया कंगना पर मानहानि का मुक़दमा

अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत मामले में जिस तरह से गोदी मीडिया ने बॉलीवुड में परिवारवाद, कास्टिंग काउच और नशे के जाल को लेकर कुछ कलाकारों का चरित्र हनन करने के लिए प्रायोजित ख़बरें चलाई थीं उसके ख़िलाफ़ अब क़ानूनी लड़ाई का नया दौर देखने को मिल रहा है। फ़िल्म अभिनेत्री कंगना रनौत पर इस सिलसिले में एक और मामला दर्ज हुआ है और वह मशहूर गीतकार जावेद अख्तर की तरफ़ से दर्ज कराया गया है। 

उन्होंने  मंगलवार को मुंबई के अँधेरी स्थित मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत में कंगना के ख़िलाफ़ आपराधिक शिकायत दी। उन्होंने आरोप लगाया कि अभिनेत्री ने रिपब्लिक टेलीविजन पर अपने इंटरव्यू में उनके ख़िलाफ़ मानहानिकारक और निराधार टिप्णियाँ की थीं। अर्णब गोस्वामी के ‘नेशन वांट्स टू नो’ कार्यक्रम के दौरान कंगना रनौत ने कहा था- ‘जावेद अख्तर भी सुसाइड गैंग का हिस्सा है, वह मुंबई में कुछ भी करा सकता है’। 

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शिकायत में जावेद अख्तर ने कहा कि उक्त इंटरव्यू में कंगना रनौत ने बहुत कुछ झूठे आरोप उन पर लगाए हैं जो उनकी प्रतिष्ठा और मान सम्मान को नुक़सान पहुँचाने वाले हैं। रिपब्लिक को दिए इंटरव्यू में कंगना रनौत ने दावा किया था कि अख्तर ने अभिनेता ऋतिक रौशन के साथ अपने कथित संबंधों को लेकर बात नहीं करने की चेतावनी दी थी। कंगना ने जावेद अख्तर के बारे में एक वेबसाइट को भी इंटरव्यू दिया था। 

उस इंटरव्यू में उन्होंने कहा था, “एक बार जावेद अख्तर ने मुझे अपने घर पर बुलाया और कहा था कि 'राकेश रोशन और उसके परिवार वाले बहुत बड़े लोग हैं। अगर तुम उनसे माफ़ी नहीं मांगोगी तो तुम कहीं की नहीं रहोगी। वो तुम्हें जेल में डलवा देंगे और फिर तुम्हारी बर्बादी के सिवाय और कोई रास्ता नहीं बचेगा... तुम्हें आत्महत्या करनी पड़ेगी।' ये उनके शब्द थे। उन्हें ऐसा क्यों लगता है कि अगर मैं रितिक रोशन से माफ़ी नहीं माँगूंगी तो मुझे ख़ुदकुशी करनी पड़ेगी। वो मुझपर इस कदर चीखे और चिल्लाये थे कि मेरे पैर एक तरह से कांपने लगे थे।”
lyricist javed akhtar defamation case against kangana ranaut - Satya Hindi

जावेद अख्तर ने कहा कि जानबूझकर कंगना रनौत ने उनका नाम एक संवेदनशील मामले में घसीटा तथा उन्हें ‘गिद्ध और सुसाइड गैंग का सदस्य तक कहा’। उन्होंने कहा कि उस इंटरव्यू के आधार पर टाइम्स ऑफ़ इण्डिया, बिजनेस अपटर्न, एबीपी लाइव, जागरण जैसे कई समाचार पत्रों व चैनलों ने ख़बरें बनायीं और सोशल मीडिया पर अपने आधिकारिक हैंडल से उसे ट्वीट या पोस्ट किया है। इन पोस्ट से लोगों के बीच उनकी छवि को ख़राब करने का काम किया गया है। उन्होंने कहा कि कंगना रनौत ने यह सब एक साज़िश के तहत किया है। ऐसा उसने अपनी प्रसिद्धि तथा अपने व्यावसायिक लाभ के उद्देश्य से किया है। 

lyricist javed akhtar defamation case against kangana ranaut - Satya Hindi

अदालत ने इस याचिका के आधार पर कंगना के ख़िलाफ़ भारतीय दंड संहिता की धारा 499 व 500 के तहत मामला दर्ज करने के आदेश दिए हैं। इस आदेश के बाद शिवसेना प्रवक्ता और सांसद संजय राउत ने जब ट्वीट किया तो कंगना रनौत ने भी  ट्वीट कर संजय राउत और जावेद अख्तर पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, 'एक थी शेरनी... और एक भेड़ियों का झुंड’। 

उल्लेखनीय है कि सुशांत सिंह राजपूत प्रकरण में टेलीविजन कई चैनलों ने मुंबई पुलिस और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे, उनके पुत्र आदित्य ठाकरे के ख़िलाफ़ जाँच पर दबाव बनाने और हत्या करने के आरोप वाली ख़बरें चलाई थीं। इस मामले में रिया चक्रवर्ती सहित अनेक अभिनेता-अभिनेत्रियों द्वारा नशीले पदार्थों का सेवन करने की ख़बरें चलाई गईं और नशे का क़ारोबार करने का आरोप लगाया गया। जाँच मुंबई पुलिस से लेकर केंद्र सरकार ने सीबीआई को सौंप दी।
वीडियो में देखिए, संजय राउत ने कंगना के बारे में क्या कहा?
मुंबई पुलिस के कुछ पूर्व पुलिस आयुक्तों ने इस मामले में टेलीविजन चैनलों के कामकाज को लेकर याचिका दायर की है। इस याचिका की सुनवाई पर हाई कोर्ट ने रिपोर्टिंग के तरीक़े पर और अभिव्यक्ति की आज़ादी को लेकर कई तीखी टिप्पणियाँ कीं और फटकार भी लगाई है। इसी कड़ी में इन टेलीविजन चैनलों की टीआरपी का घोटाला भी उजागर हुआ है जिसमें हर रोज़ नए-नए तथ्य उजागर हो रहे हैं कि कैसे लोगों को निशाना बनाने वाले चैनल अपनी लोकप्रियता का फर्जी ग्राफ बढ़ाने के लिए धनबल का इस्तेमाल करते हैं।
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संजय राय
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