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राज ठाकरे रविवार को पुणे रैली में

राज ठाकरे ने बताया अयोध्या क्यों नहीं गए, लेकिन इस पर चुप्पी कि अब कब जाएंगे

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रमुख राज ठाकरे ने रविवार को पुणे में अयोध्या न जाने की वजह बताई। उन्होंने इसके लिए स्वास्थ्य कारण बताया लेकिन एक साजिश का भी इशारा किया। हिन्दुत्व के एजेंडे को आगे बढ़ाते हुए राज ठाकरे ने पीएम मोदी को यूनिफॉर्म सिविल कोड और जनसंख्या नियंत्रण कानून बनाने को कहा।

राज ठाकरे ने कहा कि उनके कूल्हे की हड्डी के जोड़ को बदलने के कारण उनका अयोध्या दौरा स्थगित कर दिया गया था। उन्होंने कहा, मैं यह स्पष्ट कर रहा हूं ताकि मीडिया द्वारा कोई गलत सूचना न फैलाई जाए। दो दिन पहले, मैंने अपनी अयोध्या यात्रा स्थगित करने के बारे में ट्वीट किया था। मैंने जानबूझकर बयान दिया ताकि सभी को अपनी प्रतिक्रिया देने का मौका मिले। जो लोग मेरी अयोध्या यात्रा के खिलाफ थे, वे मुझे फंसाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन मैंने इस विवाद में नहीं पड़ने का फैसला किया।

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राज ठाकरे ने आरोप लगाया कि उनके लिए उन लोगों ने एक जाल बिछाया था जो उनके लाउडस्पीकर के विरोध को पसंद नहीं करते थे। मुझे पता है, यूपी में मौजूदा तनाव के साथ, अगर मैं वहां गया होता, तो शायद किसी ने मुझ पर हमला किया होता और मेरे मनसे कार्यकर्ताओं ने मुंहतोड़ जवाब दिया होता। और फिर मेरे मनसे काडर के खिलाफ मामले दर्ज होते। यह मेरे और मेरे मनसे काडर के लिए एक जाल था। इसलिए, मैंने थोड़ा देर इंतजार करने का फैसला किया।

उन्होंने आगे कहा कि वह आलोचना झेलने के लिए तैयार हैं लेकिन अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को कानूनी लड़ाई में नहीं डाल सकते।अयोध्या यात्रा पर इतनी लंबी-चौड़ी सफाई के बाद भी राज ठाकरे ने यह नहीं बताया कि वे अयोध्या अब कब जाएंगे। इससे पहले रैली को संबोधित करते हुए ठाकरे ने कहा -

मैं प्रधानमंत्री से जल्द से जल्द समान नागरिक संहिता लाने, जनसंख्या नियंत्रण पर एक कानून लाने और औरंगाबाद का नाम बदलकर संभाजी नगर करने का अनुरोध करता हूं।


-राज ठाकरे, चीफ, महाराष्ट्र नव निर्माण सेना

राज ठाकरे ने महाराष्ट्र विकास अघाड़ी (एमवीए) सरकार पर हमला किया और उन पर एआईएमआईएम को औरंगाबाद की लोकसभा सीट जीतने की अनुमति देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, एमवीए सत्तारूढ़ पार्टी एआईएमआईएम को अपने पंख फैलाने की अनुमति देने के लिए जिम्मेदार है। यह चौंकाने वाला है कि एक एआईएमआईएम उम्मीदवार (इम्तियाज जलील) ने शिवसेना के एक उम्मीदवार (चंद्रकांत खैरे) को हराकर औरंगाबाद में सांसद के रूप में चुना गया। उन्होंने कहा कि मैंने सोचा था कि एआईएमआईएम के निर्वाचित प्रतिनिधियों के औरंगजेब की कब्र पर जाने और छत्रपति शिवाजी महाराज को मारने के लिए इस क्षेत्र में आए मुगल राजा को फूल चढ़ाने के बाद महाराष्ट्र उबलने लगेगा। लेकिन शरद पवार साहब ने कहा कि औरंगजेब यहां अपना राज्य फैलाने के लिए आया था।

Raj Thackeray told why did not go to Ayodhya, but silence on when he will go now - Satya Hindi
सांसद नवनीत राणा अपने विधायक पति रवि राणा के साथ

सांसद नवनीत राणे पर बरसे

राज ठाकरे ने रविवार को रैली में कहा, मैंने कहा था कि अगर किसी मस्जिद पर लाउडस्पीकर से अज़ान सुनाई देती है, तो वहां मस्जिद के सामने हनुमान चालीसा बजाएं। लेकिन राणा दंपती उठकर 'मातोश्री' (सीएम उद्धव ठाकरे के आवास) पर हनुमान चालीसा का जाप करने गए। क्या 'मातोश्री' एक मस्जिद है?" राज ठाकरे ने यह रैली अयोध्या यात्रा रद्द करने के बाद की थी, जिसकी घोषणा उन्होंने अपनी पहले की जनसभाओं में की थी। इससे पहले, ठाकरे ने कहा था कि अगर महाराष्ट्र राज्य में लाउडस्पीकर के माध्यम से अज़ान बंद नहीं होता है, तो वह मस्जिदों के बाहर लाउडस्पीकर लगाएंगे और हनुमान चालीसा को दोगुने स्वर में बजाएंगे। उनके बयानों के बाद, अमरावती की सांसद नवनीत राणा और उनके विधायक पति रवि राणा बैंडबाजे पर कूद पड़े। उन्होंने घोषणा की कि वे सीएम आवास 'मातोश्री' के बाहर हनुमान चालीसा का पाठ करेंगे।

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