जम्मू-कश्मीर में पिछले आठ दिन से कर्फ़्यू है। आज ईद के दिन उम्मीद थी कि इसमें कुछ ढील मिलेगी, लेकिन घाटीम में कुछ ही घंटों में लोगों को वापस घरों में बंद हो जाने के लिए कह दिया गया। 'सत्य हिंदी' के लिए देखिए 'शीतल के सवाल' में आशुतोष के साथ चर्चा।
1984 से अमर उजाला, चौथी दुनिया, इंडिया टुडे, समय सूत्रधार, स्वतंत्र भारत, दैनिक जागरण आदि में 1993 तक लगातार रिपोर्टिंग की। इसके बाद पारिवारिक व्यवसाय में क़रीब दो दशक गुज़ारने के बाद पत्रकारिता में पुनर्वापसी को प्रयासरत। बीच में 2010-11 में 'समकाल' पाक्षिक समाचार पत्रिका का क़रीब एक वर्ष प्रकाशन किया ।

























