मोदी का विजय रथ रोकेगा उत्तर प्रदेश? जुड़िए राजकेश्वर सिंह (पूर्व सूचना आयुक्त, उत्तर प्रदेश), वरिष्ठ पत्रकार शैलेश और शीतल पी. सिंह के साथ।
1984 से अमर उजाला, चौथी दुनिया, इंडिया टुडे, समय सूत्रधार, स्वतंत्र भारत, दैनिक जागरण आदि में 1993 तक लगातार रिपोर्टिंग की। इसके बाद पारिवारिक व्यवसाय में क़रीब दो दशक गुज़ारने के बाद पत्रकारिता में पुनर्वापसी को प्रयासरत। बीच में 2010-11 में 'समकाल' पाक्षिक समाचार पत्रिका का क़रीब एक वर्ष प्रकाशन किया ।


























