टीएमसी के गहराते संकट के बीच 20 बागी सांसद रविवार 14 जून को बंगाल के सीएम शुभेंदु अधिकारी से मिलने वाले हैं। लोकसभा स्पीकर से सोमवार को मुलाकात से पहले घटनाक्रम तेज हो गए हैं।
टीएमसी के बागी सांसद सुदीप बंद्योपाध्याय
तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भीतर चल रहा आंतरिक संकट शनिवार को उस समय और गहरा गया जब मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बेहद करीबी माने जाने वाले वरिष्ठ नेता सुदीप बंद्योपाध्याय ने केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव से मुलाकात की। इस बैठक में टीएमसी की बागी सांसद शताब्दी रॉय भी मौजूद थे।
यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब लोकसभा में टीएमसी के संसदीय दल में बड़ी बगावत देखने को मिल रही है। हालांकि, दिलचस्प बात यह है कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) का साथ देने की इच्छा जताने वाले टीएमसी के 20 बागी सांसदों की सूची में सुदीप बंद्योपाध्याय का नाम शामिल नहीं था।
कुणाल घोष का तीखा हमला
सुदीप बंद्योपाध्याय की इस मुलाकात पर टीएमसी विधायक कुणाल घोष ने बेहद तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने बंद्योपाध्याय पर निशाना साधते हुए कहा कि उनका "पार्टी बदलने का पुराना इतिहास" रहा है।घोष ने कहा, "ममता दीदी ने इन लोगों को हमेशा पद और सम्मान दिया, और बदले में ये लोग पार्टी को यही दे रहे हैं। सुदीप बंद्योपाध्याय का इतिहास दल बदलने का रहा है... हमने पहले भी कहा था कि वह सही व्यक्ति नहीं हैं और उनकी राजनीति सिर्फ ममता दीदी को गुमराह करके चलती थी। इस मुद्दे को उठाने के लिए मुझे एक बार पार्टी से निलंबित भी किया जा चुका है। आज यह साबित हो गया कि उस दिन मैंने जो कहा था, वह बिल्कुल सच था।"
कल्याण बनर्जी का तीखा बयान
TMC सांसद सुदीप बंद्योपाध्याय की केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव से मुलाकात पर TMC सांसद कल्याण बनर्जी ने कहा, "उन्हें जाने दीजिए। सुदीप चले गए हैं। कई लोग जा चुके हैं; सुदीप भी चले गए हैं। इसमें क्या बड़ी बात है? कुछ नहीं। लेकिन जब ये लोग चुनाव लड़ेंगे, तो जनता उन्हें सबक सिखाएगी। सुदीप की तबीयत भी ठीक नहीं थी..."
रविवार को शुभेंदु अधिकारी से मिलेंगे बागी सांसद
पार्टी में टूट की खबरें अब पूरी तरह से सतह पर आ चुकी हैं। बागी सांसद जगदीश बसुनिया ने एएनआई से बातचीत में पुष्टि की कि सभी बागी सांसद रविवार (14 जून) को दिल्ली में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से मुलाकात करेंगे।बसुनिया ने बताया, "हमें सोमवार (15 जून) को लोकसभा अध्यक्ष (स्पीकर) से मिलने का समय मिला है। सभी बागी सांसद कल दिल्ली पहुंच रहे हैं। रविवार को सीएम सुवेंदु अधिकारी के साथ हमारी बैठक होगी और फिर सोमवार को हम स्पीकर से मिलने जाएंगे। इस बैठक में 19 सांसद मौजूद रहेंगे।"
20 सांसदों ने मांगी है अलग सीट
इससे पहले टीएमसी की ही बागी सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया था कि पार्टी के 20 सांसदों ने लोकसभा में अपने लिए अलग बैठने की व्यवस्था (सेपरेट सीटिंग) का औपचारिक अनुरोध किया है। संसदीय दल के भीतर इस कदम को टीएमसी के सीधे दोफाड़ होने के रूप में देखा जा रहा है।टीएमसी के भीतर यह असंतोष 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में पार्टी के निराशाजनक प्रदर्शन के बाद से लगातार सुलग रहा है। चुनावी हार के बाद से ही पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले केंद्रीय आलाकमान के बीच दूरियां बढ़ती जा रही थीं, जो अब इस बड़ी बगावत के रूप में सामने आई है।