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सरकार के कहने पर बीजेपी सांसद तेजस्वी सूर्य का ट्वीट ब्लॉक किया ट्विटर ने

ट्विटर ने बीजेपी सांसद तेजस्वी सू्र्य के ट्वीट को ब्लॉक कर दिया है। उसने भारत सरकार के कहने पर ऐसा किया है। 

तेजस्वी सूर्य राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े हुए रहे हैं। समझा जाता है कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नज़दीकी लोगों में से हैं।

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मोदी के नज़दीकी

छह बार सांसद और मंत्री रह चुके अनंत कुमार की मृत्यु के बाद बेंगलुरू दक्षिण से उनकी पत्नी को लोकसभा का टिकट दिया जाना तय माना जा रहा था। लेकिन यह टिकट सूर्य को मिला। समझा जाता है कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हस्तक्षेप और निजी दिलचस्पी से हुआ।

ख़ुद सूर्य ने ट्वीट किया था, 'हे भगवान! हे भगवान! मुझे यक़ीन नहीं हो रहा है। दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश के प्रधानमंत्री और सबसे बड़ी पार्टी के अध्यक्ष ने बेंगलुरू दक्षिण जैसी सम्मानजनक सीट का प्रतिनिधित्व करने के लिए 28 साल के एक युवक पर भरोसा किया है।'

क्यों ब्लॉक किया?

नरेंद्र मोदी की सरकार ने उसी तेजस्वी सूर्य के ट्वीट को ब्लॉक करने का आग्रह ट्विटर से किया था। इसकी वजह यह है कि तेजस्वी के कुछ ट्वीट से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की काफी किरकिरी हुई है। ये ट्वीट मुसलिम विरोधी थे और इस आधार पर कहा गया कि भारत में इसलामोफ़ोबिया का दौर चल रहा है। भारत की तुलना नात्सी जर्मनी से की जाने लगी थी। 

भारत को ऑर्गनाइजेशन ऑफ इसलामिक कोऑपरेशन से भी बात करनी पड़ी। स्वयं प्रधानमंत्री ने फ़ोन कर खाड़ी के देशों के प्रमुखों से बात की और उन्हें समझाया-बुझाया। 

‘द वायर’ ने एक ख़बर में कहा है कि ल्युमेन डाटाबेस को भेजे गए नोटिस से यह साफ़ है कि ट्विटर ने तेजस्वी सूर्य के उस मैसेज को ब्लॉक कर दिया है। हार्वर्ड विश्वविद्यालय ने ल्युमेन डाटाबेस शुरू किया है, जो पूरी तरह स्वतंत्र है। 

भारत के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने धारा 69 ए के तहत ट्विटर से कहा कि वह आपत्तिजनक ट्वीट हटा दे। 

दूसरों को भी ब्लॉक किया

भारत सरकार ने सिर्फ तेजस्वी सूर्य ही नहीं, लगभग 100 ट्वीट को ब्लॉक करने या हटाने का आग्रह ट्विटर से किया है। इसमें से ज़्यादातर मैसेज इसलाम के ख़िलाफ़ हैं और मुसलमानों को निशाने पर लेने की नीयत से किए गए हैं। 

सूर्य के आपत्तिजनक ट्वीट

सूर्य अरब महिलाओं के यौन जीवन के बारे अपने पुराने ट्वीट को लेकर कुछ दिन पहले विवादों केंद्र में आए थे। उनके इस बयान पर पूरे अरब जगत में लोग गुस्सा हो गए, पारंपरिक रूप से भारत के मित्र रहने वाले देश संयुक्त अरब अमीरात ने आधिकारिक रूप से इसका विरोध किया, आम जनता ने इस पर गुस्सा जताया। 

स्थिति इतनी बिगड़ गई कि भारत के राजूदत पवन कपूर को सफ़ाई देनी पड़ी। उन्होंंने मामले को शांत करने के लिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ट्वीट को भी साझा किया।आप खुद देखिए कि सूर्या ने क्या कहा था।
इस पर बवाल मचने के बाद उन्होंने इस ट्वीट को ही डिलीट कर दिया। लेकिन यह 5 साल पुराना ट्वीट है और उन्होंने एक टीवी बहस में पाकिस्तानी मूल के कनाडाई नागरिक तारिक फ़तेह की कही बातों को उद्धृत किया था। लेकिन ट्वीट करने का मतलब यह है कि वह इसका समर्थन करते हैं।
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