क्या भारतीय जनता पार्टी (BJP) के भीतर असंतोष और तनाव बढ़ रहे हैं? नेतृत्व, नीति विवाद और पार्टी कार्यकर्ताओं की नाराज़गी के संकेतों का गहन विश्लेषण देखिए श्रवण गर्ग की खरी खरी में।
पत्रकारिता में एक लंबी पारी और राजनीति में 20-20 खेलने के बाद आशुतोष पिछले दिनों पत्रकारिता में लौट आए हैं। समाचार पत्रों में लिखी उनकी टिप्पणियाँ 'मुखौटे का राजधर्म' नामक संग्रह से प्रकाशित हो चुका है। उनकी अन्य प्रकाशित पुस्तकों में अन्ना आंदोलन पर भी लिखी एक किताब भी है।




























