कश्मीरी के बयान से पाकिस्तानी सेना की भूमिका उजागर हुई है। वह कहता है कि अजहर को 'पाकिस्तान की मिट्टी ने गोद लिया', जो आईएसआई के संरक्षण का संकेत है। ऑपरेशन सिंदूर में भारत ने पाकिस्तान और पीओके में 9 आतंकी कैंपों को नष्ट किया, जिसमें बहावलपुर जेईएम मुख्यालय शामिल था। 100 से अधिक आतंकी मारे गए। कश्मीरी ने बताया कि कैसे पाकिस्तानी सेना के शीर्ष अधिकारियों ने अपने जनरलों को बहावलपुर में मारे गए जैश-ए-मोहम्मद के आतंकवादियों के अंतिम संस्कार में शामिल होने का आदेश दिया था।
सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो सामने आए थे जिनमें उच्च पदस्थ पाकिस्तानी सैन्य अधिकारी भारतीय हवाई हमलों में मारे गए आतंकवादियों के अंतिम संस्कार का नेतृत्व कर रहे थे। भारत ने प्रतिबंधित आतंकवादियों को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार देने के लिए इस्लामाबाद की कड़ी आलोचना की थी।
कश्मीरी ने दावा किया कि यह निर्देश रावलपिंडी से आया था, जिससे नई दिल्ली के लंबे समय से चले आ रहे इस दावे को और बल मिला कि पाकिस्तान का सैन्य-खुफिया गठजोड़ आतंकवाद को प्रायोजित करता है।